जेसी डेनियल पुरस्कार, जो केरल सरकार द्वारा प्रदान किया जाता है, मलयालम सिनेमा के क्षेत्र में उत्कृष्टता और दीर्घकालिक योगदान के लिए दिया जाने वाला सर्वोच्च सम्मान है। यह पुरस्कार शाजी एन करुण की भारतीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मलयालम सिनेमा पर उनके प्रभाव को प्रमाणित करता है।
जेसी डेनियल पुरस्कार 2023
- सम्मानित व्यक्ति: शाजी एन करुण।
- पुरस्कार विवरण: ₹5 लाख की धनराशि, प्रशस्ति पत्र और एक प्रतिमा।
- जूरी: टीवी चंद्रन (2022 के विजेता), केएस चित्रा (गायिका), विजयाराघवन (अभिनेता) और सी अजय (चलचित्र अकादमी सचिव)।
- जूरी की टिप्पणी: शाजी ने मलयालम सिनेमा की नई लहर में रचनात्मक ऊर्जा का संचार किया, जिसने मलयालम फिल्मों की वैश्विक पहचान को पुनर्परिभाषित किया।
मलयालम सिनेमा में योगदान
- अंतरराष्ट्रीय पहचान: शाजी की फिल्मों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मलयालम सिनेमा को प्रस्तुत किया।
- फिल्म ‘पिरवी’: लगभग 70 अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोहों में प्रदर्शित, यह मलयालम सिनेमा में एक मील का पत्थर मानी जाती है।
- फिल्म ‘स्वाम’: कान फिल्म फेस्टिवल में पाम डी’ओर के लिए नामांकित।
- फिल्म ‘वनप्रस्थम’: कान फिल्म फेस्टिवल में प्रदर्शित, शाजी के वैश्विक फिल्मकार के रूप में पहचान को मजबूत किया।
पुरस्कार और सम्मान
- राष्ट्रीय पुरस्कार: शाजी ने अब तक 7 राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीते हैं।
- राज्य फिल्म पुरस्कार: 7 बार राज्य फिल्म पुरस्कारों से सम्मानित।
- पद्म श्री: कला के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए केंद्र सरकार द्वारा पद्म श्री से सम्मानित।
- फ्रांसीसी सम्मान: सिनेमा में उनके कार्यों के लिए द ऑर्डर ऑफ आर्ट्स एंड लेटर्स का सम्मान।
फिल्म संस्थानों में भूमिका
- केरल राज्य चलचित्र अकादमी: शाजी इस अकादमी के संस्थापक अध्यक्ष रहे हैं।
- केएसएफडीसी: वर्तमान में केरल राज्य फिल्म विकास निगम (KSFDC) के अध्यक्ष के रूप में कार्यरत।
शाजी एन करुण के कार्यों ने न केवल मलयालम सिनेमा को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है, बल्कि इसे वैश्विक मंच पर भी एक नई पहचान दिलाई है।