पूर्व भारतीय फुटबॉलर अब्दुल लतीफ का निधन। वह 1970 के बैंकाक एशियाई खेलों में ट्रॉफी जीतने वाली टीम के प्रमुख सदस्य थे। उन्होंने 1968 में एशिया कप क्वालीफायर में म्यांमार में और 1969 में कुआलालंपुर में मर्डेका कप में भी भारत का प्रतिनिधित्व किया है। उन्होंने 1963-1967 तक मोहम्मडन स्पोर्टिंग का प्रतिनिधित्व किया और बाद में कोच बनकर ट्रेनिग दी।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने EC से क्वारंटीन लोगों की पहचान के लिए न मिटने वाली स्याही के इस्तेमाल की ली मंजूरी
निर्वाचन आयोग ने कोविड-19 के फैलाव को देखते हुए स्वास्थ्य अधिकारियों को घर पर क्वारंटीन कर रहे लोगों की पहचान करने के लिए न मिटने वाली स्याही का इस्तेमाल करने की इजाजत दे दी है। स्वास्थ्य मंत्रालय को इसके लिए लगाए जाने वाले चिन्ह के मानकीकरण करने और इसे शरीर पर किस स्थान पर लगाया जाना है इस बारे में विचार करना चाहिए ताकि चुनाव के समय इसकी वजह से किसी तरह की बाधा उत्पन्न न हो। साथ ही अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए निर्देश दिया जाएगा कि इस स्याही का इस्तेमाल अन्य कार्यों के लिए न किया जाए।
ECI के महत्वपूर्ण निर्देश:
- इससे संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया जा रहा है कि किसी भी व्यक्ति की बाईं ओर उंगली पर इस स्याही का उपयोग न किया जाए.
- चुनावों के दौरान उपयोग की जाने वाली स्याही, जो कि केवल EC के लिए मैसूर स्थित कंपनी द्वारा बनाई गई थी, अब सभी राज्यों को उपलब्ध कराई जाएगी.
- इस स्याही का निशान एक महीने तक लगा रहता है.
- राज्यों की मांग को ध्यान में रखते हुए सार्वजनिक रूप से दिलचस्पी ली गई है, जिसमे क्वारंटीन व्यक्तियों के पहचान के लिए न मिटने वाली स्याही के इस्तेमाल करने के लिए कहा गया था.
- चुनाव प्रक्रिया की स्वच्छ बनाए रखने के लिए चुनाव आयोग ने सुरक्षा उपाय सुझाए हैं.
- चुनाव आयोग की अनुमति के बिना इस स्याही का उपयोग नहीं किया जा सकता है, क्योंकि यह “स्वामित्व वाली वस्तु” है.
- महाराष्ट्र ने मामलों की संख्या बढ़ने के बाद पहले से ही राज्य के अन्दर आने वाले 100% क्वारंटीन पर निशान लगाना शुरू कर दिया है.
- आइसोलेशन की तारीख के साथ स्याही से बाईं हथेली पर निशान लगाया जा रहा जो 14 दिनों तक चल लगा रहेगा.
क्या होती है न मिटने वाली स्याही (Indelible Ink)?
न मिटने वाली (इण्डेलेबल इंक), इलेक्टोरल इंक, इलेक्टोरल स्टेन या फॉस्फोरिक इंक देरी से मिटने वाली एक स्याही है जो चुनाव के दौरान मतदाताओं की उंगली पर लगाई जाती है ताकि दोबारा वोटिंग न कि जा सके और चुनाव में फ्रॉड को रोका जा सके। यह उन देशों में एक प्रभावी तरीका है जहां नागरिकों के लिए पहचान दस्तावेजों को हमेशा मानकीकृत या संस्थागत नहीं किया जाता है। चुनाव स्याही को सिल्वर नाइट्रेट का उपयोग करके तौयार की जाती है। इस स्याही पहली बार इस्तेमाल 1962 के आम चुनाव के दौरान किया गया था, जो अब कर्नाटक के आधुनिक शहर मैसूर में तैयार की जाती है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- भारत के निर्वाचन आयुक्त: सुनील अरोड़ा.
वित्त मंत्री ने आयकर से संबंधित समय सीमाओं को जून 2020 तक बढ़ाने की कि घोषणा
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आयकर से संबंधित निर्धारित समय सीमा को 30 जून 2020 तक बढ़ाने का ऐलान किया है। इन विस्तारित समय सीमा से करदाताओं को राहत मिलने की संभावना है। कोविड-19’ के बढ़ते प्रकोप के मद्देनजर लोगों को होने वाली कठिनाई को देखते हुए विचार करने के बाद वित्त मंत्री द्वारा लिए गए महत्वपूर्ण निर्णय है:-
आयकर रिटर्न (ITR) की समय सीमा:
वित्त मंत्रालय ने आयकर रिटर्न (वित्त वर्ष 2018-19) दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 मार्च, 2020 से बढ़ाकर 30 जून, 2020 करने का फैसला किया है।
कर बचत के लिए निवेश:
वे भारतीय नागरिक जो अभी भी विभिन्न उपकरणों में निवेश करने की प्रतीक्षा कर रहे हैं, और जो धारा 80 सी के तहत कर में छुट प्राप्त करना चाहते है, वे 30 जून तक निवेश कर सकते हैं और वित्त वर्ष 2019-20 के लिए भी छुट का दावा भी कर सकते हैं। इन लिखतों में इक्विटी बचत योजना (ईएलएसएस), सार्वजनिक भविष्य निधि (पीपीएफ), राष्ट्रीय बचत प्रमाणपत्र (एनएससी) जैसी योजनाए शामिल हैं।
पैन और आधार को जोड़ने की तारीख:
आधार कार्ड और पैन को आपस में जोड़ने की अंतिम तिथि 31 मार्च, 2020 से बढ़ाकर 30 जून, 2020 कर दी गई है। यदि 30 जून2020 से पहले स्थायी खाता संख्या (पैन) को आधार से लिंक नहीं किया जाता है, तो पैन संख्या अवैध माना जाएगा।
अमेरिकी और यूएई के सैनिकों बीच Native Fury अभ्यास हुआ आरंभ
अबू धाबी में अमेरिकी मरीन और संयुक्त अरब अमीरात बलों के बीच द्विवार्षिक किया जाने वाला अभ्यास Native Fury (नेटिव फेरी) शुरू किया गया है। नेटिव फेरी नामक ये द्विवार्षिक अभ्यास, अमेरिकी और संयुक्त अरब अमीरात बलों के बीच घनिष्ठ संबंध को दर्शाता है।
बलों ने कोरोनोवायरस महामारी और ईरान के साथ चलते तनाव के बावजूद मध्य पूर्वी शहर में इस अभ्यास का आयोजन किया। इससे पहले अमेरिका द्वारा जनवरी में ड्रोन हमले में इरान के सबसे प्रमुख जनरल को मार गिराया गया था जिसके बाद तेहरान ने इराक में अमेरिकी बलों पर एक बैलिस्टिक मिसाइल हमले से जवाबी हमला किया था।
इस अभ्यास में सेना, मरीन और नौसेना के 4,000 सैनिकों ने कुवैत से आए वाहनों और अन्य उपकरणों के साथ पोर्टेबल पियर प्रणाली का उपयोग करके अल-हमरा में डिएगो गार्सिया के द्वीप पर अभ्यास किया। अबू धाबी से लगभग 200 किलोमीटर (125 मील) दक्षिण-पश्चिम में रेगिस्तान, यूएई के विशाल कच्चे तेल के भंडार सहित नया बाराक परमाणु ऊर्जा संयंत्र स्थित है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- UAE के राष्ट्रपति: शेख खलीफा बिन जायद अल नाहयान.
- यूएई की राजधानी: अबू धाबी; मुद्रा: संयुक्त अरब अमीरात दिरहम.
सऊदी अरब के किंग करेंगे जी 20 नेताओं के शिखर सम्मलेन की अध्यक्षता
सऊदी अरब के सुलतान सलमान बिन अब्दुलअज़ीज़ अल सऊद एक्स्ट्राऑर्डिनेरी वर्चुअल जी 20 लीडर्स समिट की अध्यक्षता करेंगे। इस G20 शिखर सम्मेलन में प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी सहित दुनिया भर के नेता हिस्सा लेंगे। ये शिखर सम्मेलन कोरोनोवायरस महामारी से निपटने की रणनीतियों पर विचार-विमर्श करने के लिए आयोजित किया जा रहा। शिखर सम्मेलन में जॉर्डन, स्पेन, सिंगापुर और स्विटजरलैंड देशों के प्रमुख भी भाग लेंगे। शिखर सम्मेलन में संयुक्त राष्ट्र, विश्व बैंक, डब्ल्यूएचओ, विश्व व्यापार संगठन, अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष और आर्थिक सहयोग और विकास संगठन (ओईसीडी) जैसे कई शीर्ष अंतर्राष्ट्रीय संगठन भी शामिल होंगे।
इस शिखर सम्मेलन का उद्देश्य दुनिया भर में फैल रहे कोरोनावायरस महामारी को रोकना और इसके मानवीय और आर्थिक प्रभावों के लिए वैश्विक सहयोग को बढ़ाना है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- जी 20 समूह (G20) अंतर्राष्ट्रीय आर्थिक सहयोग का प्रमुख मंच है जो हर महाद्वीप के दोनों विकसित और विकासशील देशों के नेताओं को एक साथ मंच पर लाता है.
- जी 20 समूह के सदस्य अर्जेंटीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, फ्रांस, जर्मनी, भारत, इंडोनेशिया, इटली, जापान, मैक्सिको, रूस, सऊदी अरब, दक्षिण अफ्रीका, रिपब्लिक ओ एफ कोरिया, तुर्की, अमेरिका, ब्रिटेन और यूरोपीय संघ (ईयू). हैं.
सुनील छेत्री Covid-19 के खिलाफ फीफा के जागरूकता अभियान में होंगे शामिल
भारतीय स्टार फुटबॉलर सुनील छेत्री को फीफा के Covid-19 के खिलाफ चलाए जाने वाले अभियान के लिए चुना गया। फीफा और विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कोरोनोवायरस से निपटने के लिए विश्व-प्रसिद्ध फुटबॉलरों के नेतृत्व वाला एक नया जागरूकता अभियान शुरू किया है।
‘Pass the message to kick out coronavirus’‘ शीर्षक अभियान को कोरोनावायरस से निपटने के लिए लॉन्च किया गया है। 13 भाषाओं में आने वाले इस वीडियो जागरूकता अभियान का नेतृत्व 28 खिलाड़ियों द्वारा किया, जिनमें अर्जेंटीना के सुपरस्टार लियोनेल मेसी और विश्व कप विजेता फिलिप लाहम, इस्कॉन लिलियास और कार्स पुयोल जैसे अन्य सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी शामिल हैं।
इस अभियान के अंतर्गत लोगों को WHO के दिशानिर्देश के अनुरूप स्वास्थ्य की रक्षा करने के लिए पांच प्रमुख चीजों को बढ़ावा देता है, जिनमे हैंडवॉशिंग, खाँसी का तरीका, चेहरे को छूने से बचना, शारीरिक दूरी और यदि अस्वस्थ महसूस करे तो घर पर रहना शामिल है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- फीफा के अध्यक्ष: गियान्नी इन्फेंटिनो; स्थापित: 21 मई 1904.
- मुख्यालय: ज्यूरिख, स्विट्जरलैंड.
समीर अग्रवाल होंगे वॉलमार्ट इंडिया के अगले मुख्य कार्यकारी अधिकारी
समीर अग्रवाल को भारत में वॉलमार्ट का मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) नियुक्त किया गया है। वह 1 अप्रैल 2020 से कृष अय्यर के स्थान पर सीईओ के रूप में कार्यभार ग्रहण करेंगे। वॉलमार्ट इंडिया के सीईओ का कम-काज संभालने के बाद, वह रिटेलर में डिजिटल, और ओमनी-चैनल सेवाओं का विस्तार करने पर ध्यान केंद्रित करेंगे।
समीर अग्रवाल को जनवरी 2020 में वॉलमार्ट इंडिया के उप मुख्य कार्यकारी अधिकारी के पद पर कार्यकारी उपाध्यक्ष से पदोन्नत किया गया था। वर्तमान में वॉलमार्ट इंडिया भारत में 28 बेस्ट प्राइस कैश-एंड-कैरी स्टोर्स का संचालन कर रहा है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- वॉलमार्ट इंक के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी: डग मैकमिलन.
YouTube ने भारत में घटाई वीडियो स्ट्रीमिंग की क्वालिटी
गूगल के स्वामित्व वाले वीडियो स्ट्रीमिंग दिग्गज प्लेटफार्म “YouTube” ने 31 मार्च 2020 तक भारत के उपयोगकर्ताओं के लिए स्ट्रीमिंग क्वालिटी कम करने का फैसला किया है। कोरोनावायरस महामारी के दौरान इंटरनेट नेटवर्क पर बढ़ने वाले ट्रैफिक को कम करने के लिए YouTube ने अस्थायी रूप से हाई डेफिनेशन (एचडी) और अल्ट्रा हाई डेफिनेशन के कंटेंट (उपलब्ध वीडियों एवं सामग्री) को स्टैण्डर्ड डेफिनेशन (एसडी) पर डिफ़ॉल्ट कर दिया है। इस बदलाव से मोबाइल नेटवर्क पर 480p से अधिक बिट्रेट्स की सामग्री ही स्ट्रीमिंग के लिए उपलब्ध होगी।
Youtube ने लॉकडाउन स्थिति के दौरान सिस्टम पर पड़ने वाले बोझ को कम करने के लिए सरकार और नेटवर्क ऑपरेटरों का समर्थन करने के लिए यह निर्णय लिया है। इससे पहले पिछले हफ्ते यूट्यूब द्वारा यूरोपीय संघ (ईयू) में भी यह निर्णय लागू किया गया था।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- यूट्यूब के सीईओ: सुसान वोज्स्की.
आईआईटी मद्रास जुलाई में करेगा ग्लोबल हाइपरलूप पॉड स्पर्धा की मेजबानी
मद्रास का भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, हाइपरलूप के बारे में जागरूकता बढ़ाने और प्रोत्साहित करने के लिए भारत की पहली वैश्विक हाइपरलूप पॉड स्पर्धा का आयोजन ‘भारतीय हाइपरलूप पॉड स्पर्धा‘ के रूप में करेगा। यह प्रतियोगिता विश्व स्तर पर जुलाई में शुरू होकर और जुलाई 2020 के आखिर तक आईआईटी मद्रास परिसर में आयोजित की जाएगी। आईआईटी मद्रास की आविष्कार टीम 2019 हाइपरलूप पॉड प्रतियोगिता के फाइनल के लिए क्वालीफाई करने वाली एशिया की एकमात्र टीम थी, जिसने भारत का पहला स्व-चालित हाइपरलूप विकसित किया है।
इस स्पर्धा का उद्देश्य भारत और विदेश की छात्र टीमों को हाइपरलूप पॉड विकसित करने के लिए प्रोत्साहित करना और इस क्षेत्र से संबंधित प्रौद्योगिकियों के सबसे तेज, सबसे नवीन और कुशल डिजाइन और प्रोटोटाइप के निर्माण के लिए प्रतिस्पर्धा करना है। यह प्रतियोगिता दुनिया भर के सभी इंजीनियरिंग कॉलेजों के लिए हाइपरलूप पॉड्स के लिए अपने विचारों को तैयार करने, डिज़ाइन करने और लागू करने के लिए खुली होगी,
क्या है हाइपरलूप पॉड्स?
हाइपरलूप परिवहन की 5 वीं पीढ़ी है, जिसमे अधिकतम गति वाली ट्रेने वैक्यूम ट्यूब में चलती है। इसमें हवा का घर्षण नहीं होने से पॉड की गति 1000 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच जाती है। यह ट्रांसपोर्ट के सामान्य साधन कार व ट्रेन से सस्ता और प्रदूषण रहित तकनीक है।
SpaceX के संस्थापक और टेस्ला के सीईओ एलोन मस्क ने साल 2013 में व्हाइटपेपर के माध्यम से हाइपरलूप पर विचार ‘Hyperloop Alpha’ प्रस्तावित किया था। एलोन मस्क पिछले कुछ वर्षों से कैलिफोर्निया के हॉथोर्न में स्पेसएक्स, टेस्ला और द बोरिंग कंपनी के माध्यम से अंतर्राष्ट्रीय हाइपरलूप पॉड प्रतियोगिता का आयोजन कर रहे है।
देश में लागू हुआ 21 दिनों का लॉकडाउन: जाने कौन-सी आवश्यक सेवाए रहेंगी चालू और किन पर होगी पाबंदी
प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के नाम दिए संबोधन में पूरे देश में 25 मार्च 2020 से अगले 21 दिनों तक लॉकडाउन की घोषणा की है। भारत सरकार द्वारा लॉकडाउन का फैसला तेजी से फैल रहे COVID-19 महामारी की रोकथाम के लिए निवारक उपाय के तौर पर लिया गया है। लॉकडाउन के दौरान, देश के नागरिकों को जीवन बिताने के लिए कुछ आवश्यक वस्तुओं के साथ-साथ सेवाओं की आवश्यकता होगी।
अब यहां एक सवाल उठता है कि वे कौन सी वस्तुएं और सेवाएं हैं जो 21 दिनों की लॉकडाउन अवधि के दौरान राष्ट्र के लोगों को मुहैया कराई जाएंगी?
गृह मंत्रालय ने लॉकडाउन के दौरान लोगों की इन सभी जरुरतो को सुनिश्चित करने के लिए और इन्हें पूरा करने के लिए किए जाने वाले सभी प्रयासों से संबंधित एक आधिकारिक अधिसूचना जारी की है। इन प्रयासों का उद्देश्य देश में COVID-19 महामारी को फैलने से रोकना है।
ADDa247 यहाँ इन 21 दिन के लॉकडाउन के दौरान मुहैया कराई जाने वाली “इन आवश्यक सेवाओं और वस्तुओं” की पूरी सूची साझा कर रहा है:-
- भोजन, राशन, फल, सब्जियां, डेयरी और दूध बूथ, मांस और मछली, पशु चारा सहित इन्हें लाने-जाने वाहनों की आवाजाही लॉकडाउन अवधि के दौरान उपलब्ध रहेंगे.
- रक्षा से जुड़े विभाग, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल, पुलिस, नागरिक सुरक्षा, दमकल केंद्र और आपातकालीन सेवाएं, होमगार्ड, जेल, कोषागार, जिला प्रशासन, सार्वजनिक उपयोगिताओं (जैसे पेट्रोलियम, सीएनजी, एलपीजी, पीएनजी) लॉकडाउन अवधि के दौरान चालू रहेंगे।
- आपदा प्रबंधन, बिजली उत्पादन और प्रसारण इकाइयाँ, जल, स्वच्छता, डाकघर, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र के साथ-साथ अर्ली वार्निंग एजेंसियां कार्यशील रहेंगी.
- अस्पताल एवं सभी संबंधित चिकित्सा प्रतिष्ठान अपनी विनिर्माण और वितरण इकाइयों के साथ 21 दिन की अवधि में चालू रहेंगे।
- बैंक, बीमा कार्यालय, एटीएम, प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया, कोल्ड स्टोरेज और वेयरहाउसिंग सेवाएं, निजी सुरक्षा सेवाएँ लॉकिंग अवधि के दौरान उपलब्ध रहेंगी।
- ई-कॉमर्स के जरिए से खाद्य, फार्मास्यूटिकल्स, चिकित्सा उपकरण सहित आवश्यक सामानों की डिलीवरी की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
- दूरसंचार, इंटरनेट, प्रसारण और केबल सेवाएं, आईटी और आईटी सक्षम सेवाएं घर से काम करने के जरिए जारी रहेंगी।
- आवश्यक वस्तुओं की विनिर्माण इकाइयां खुली रहेंगी.
- पूरे देश में दमकल विभाग, कानून और व्यवस्था और आपातकालीन सेवाएं जारी रहेंगी.
- लॉकडाउन के कारण फंसे पर्यटकों के लिए होटल, लॉज और मोटल, खले रहेंगे.
- क्वारंटाइन सुविधाओं के लिए स्थापित किए गए प्रतिष्ठान चालू रहेंगे.
- शवयात्रा या जनाज़ा के मामले में 20 से अधिक व्यक्तियों के एकत्रीकरण की अनुमति नहीं होगी.
यहाँ उन सेवाओं की पूरी सूची दी गई है, जो 21 दिन के लॉकडाउन के दौरान उपलब्ध नहीं होंगी:
- भारत सरकार / राज्य / संघ राज्य क्षेत्र के कार्यालय, इसके स्वायत्त / अधीनस्थ कार्यालय और जनसंपर्क कार्यलय इस अवधि के दौरान बंद रहेंगे.
- सभी वाणिज्यिक और निजी प्रतिष्ठान बंद रहेंगे.
- सभी औद्योगिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे.
- सभी परिवहन सेवाएं जैसे हवाई, रेल और सड़क यातायात निलंबित रहेंगी.
- सभी शैक्षणिक, प्रशिक्षण, अनुसंधान, कोचिंग संस्थान पूजा स्थल आदि बंद रहेंगे.
- सभी सामाजिक, राजनीतिक, शैक्षणिक, खेल, मनोरंजन, सांस्कृतिक, धार्मिक आयोजन प्रतिबंधित रहेंगे.
कार्यकारी मजिस्ट्रेटों को संबंधित स्थानीय न्यायालयों में इन सभी रोकथाम उपायों को लागू करने के लिए कमांडरों के रूप में तैनात किया जाएगा। उपरोक्त रोकथाम के उपायों का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ आईपीसी की धारा 188 एवं आपदा प्रबंधन अधिनियम, 2005 की धारा 51-60 के प्रावधानों के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।













