एक नया COVID-19 वैरिएंट BA.3.2, जिसे ‘सिकाडा वैरिएंट’ के नाम से जाना जा रहा है, वर्ष 2026 में वैश्विक स्तर पर ध्यान आकर्षित कर रहा है। यह वैरिएंट COVID-19 के ओमिक्रॉन वेरिएंट (Omicron variant) परिवार से संबंधित है, लेकिन इसमें अधिक संख्या में म्यूटेशन और इसके असामान्य दोबारा उभरने के पैटर्न के कारण यह अलग नजर आता है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इस वैरिएंट को ‘Variant Under Monitoring’ की श्रेणी में रखा है, जिसका अर्थ है कि इस पर करीबी नजर रखी जा रही है, हालांकि फिलहाल यह कोई बड़ा वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल नहीं बना है।
‘सिकाडा’ नाम कोई आधिकारिक वैज्ञानिक नाम नहीं है, बल्कि यह एक लोकप्रिय उपनाम है। यह नाम इसलिए दिया गया है क्योंकि यह वैरिएंट लंबे समय तक छिपे रहने के बाद अचानक दोबारा सामने आया है। जिस तरह Cicada कई वर्षों तक जमीन के नीचे रहने के बाद अचानक बाहर निकलते हैं, उसी तरह BA.3.2 भी पुराने और लगभग गायब हो चुके वंश (lineage) से विकसित होकर नए म्यूटेशन के साथ फिर से उभरा है। इसी कारण यह वैज्ञानिकों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों का ध्यान आकर्षित कर रहा है।
BA.3.2 वैरिएंट Omicron variant की एक उप-शाखा है, जो जनवरी 2021 से लगातार विकसित होती रही है। यह दिखाता है कि वायरस समय के साथ बदलता रहता है और नए-नए रूपों में सामने आ सकता है।
| पहलू | विवरण |
| पहली बार पहचान | South Africa (नवंबर 2024) |
| वैश्विक प्रसार | 2026 की शुरुआत में |
| पहचान के तरीके | परीक्षण (Testing) और अपशिष्ट जल निगरानी (Wastewater Surveillance) |
| वर्तमान स्थिति | विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा “Variant Under Monitoring” |
समय के साथ, इस वेरिएंट ने BA.3.2.1 और BA.3.2.2 जैसी उप-वंशावलियाँ विकसित कर ली हैं, जो लगातार हो रहे म्यूटेशन और विकास का संकेत देती हैं।
इस वैरिएंट की सबसे प्रमुख विशेषता इसके भीतर पाए जाने वाले बड़ी संख्या में म्यूटेशन हैं, खासकर स्पाइक प्रोटीन में। स्पाइक प्रोटीन वह हिस्सा होता है जो वायरस को मानव कोशिकाओं में प्रवेश करने में मदद करता है। इन अधिक म्यूटेशनों के कारण यह वैरिएंट संक्रमण फैलाने की क्षमता, प्रतिरक्षा प्रणाली से बचने की संभावना और टीकों की प्रभावशीलता पर प्रभाव डाल सकता है, इसलिए वैज्ञानिक इसकी लगातार निगरानी कर रहे हैं।
| विशेषता | विवरण |
| कुल म्यूटेशन | लगभग 70–75 (मुख्यतः स्पाइक प्रोटीन में) |
| प्रकार | RNA वायरस |
| मूल वंश (Origin Lineage) | Omicron variant की उप-शाखा BA.3 |
| विकास (Evolution) | अत्यधिक भिन्न (Highly Divergent) |
| उप-शाखाएँ (Sub-lineages) | BA.3.2.1, BA.3.2.2 |
ये म्यूटेशन वायरस की इन कामों में मदद कर सकते हैं:
BA.3.2 से होने वाले ज़्यादातर इन्फेक्शन हल्के से मध्यम होते हैं और ये पहले के Omicron वेरिएंट जैसे ही होते हैं।
Cicada वेरिएंट के लक्षण
| श्रेणी | लक्षण |
| सामान्य | बुखार, खांसी, गले में खराश, थकान |
| शरीर से जुड़े | सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, कमजोरी |
| अतिरिक्त | नाक बहना, छींक आना |
| नए अवलोकन | रात में पसीना आना, पेट संबंधी समस्याएँ |
| गंभीर (दुर्लभ) | सांस लेने में कठिनाई, सीने में दर्द |
BA.3.2 वेरिएंट भी अन्य COVID वेरिएंट्स की तरह ही हवा में मौजूद बूंदों (droplets) के ज़रिए फैलता है।
संक्रमण की विशेषताएं
| कारक | प्रभाव |
| संक्रमण का तरीका | हवा में मौजूद बूंदों (Airborne droplets) के माध्यम से फैलाव |
| उच्च जोखिम क्षेत्र | भीड़भाड़ वाले बंद स्थान |
| वेंटिलेशन | खराब हवा का प्रवाह संक्रमण के खतरे को बढ़ाता है |
| म्यूटेशन का प्रभाव | संभावित रूप से अधिक संक्रमण फैलाने की क्षमता |
BA.3.2 वेरिएंट को पिछले वेरिएंट्स से तुलना करके समझना, इसके प्रभाव का आकलन करने में मदद करता है।
वेरिएंट की तुलना
| विशेषता | Delta | Omicron | BA.3.2 |
| गंभीरता (Severity) | उच्च | मध्यम | हल्की (वर्तमान साक्ष्यों के अनुसार) |
| फैलाव (Spread) | तेज | बहुत तेज | संभवतः तेज |
| म्यूटेशन स्तर | मध्यम | उच्च | बहुत अधिक |
| इम्यून एस्केप (प्रतिरक्षा से बचाव) | कम | मध्यम | अधिक |
हालांकि B.A. 3.2 वेरिएंट ज़्यादातर लोगों के लिए गंभीर नहीं है, लेकिन कुछ खास समूह ज़्यादा जोखिम में हैं।
ज़्यादा जोखिम वाले समूह ये हैं:
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