मध्य प्रदेश ने भारत की पहली एआई-संचालित रियल-टाइम वन चेतावनी प्रणाली शुरू की

मध्य प्रदेश ने वन संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए भारत की पहली AI-आधारित रियल-टाइम वन अलर्ट सिस्टम लॉन्च किया है। यह प्रणाली उपग्रह डेटा, AI और मोबाइल आधारित फील्ड रिपोर्टिंग का उपयोग करके भूमि अतिक्रमण, वनों की कटाई और अन्य परिवर्तनों का पता लगाने में मदद करती है। यह पहल पांच वन प्रभागों में पायलट परियोजना के रूप में शुरू की गई है और यह भारत में प्रभावी वन प्रबंधन का एक मॉडल बनने की संभावना रखती है।

खबर में क्यों है?
मध्य प्रदेश ने भारत की पहली AI-आधारित रियल-टाइम वन अलर्ट सिस्टम लॉन्च की है, जो वन संरक्षण प्रयासों को बढ़ावा देने के लिए एक अभिनव पहल है। उपग्रह इमेजरी, मोबाइल फीडबैक और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) जैसी उन्नत प्रौद्योगिकियों का उपयोग करके यह प्रणाली वन निगरानी को मजबूत करने और भूमि अतिक्रमण और वन क्षरण पर त्वरित प्रतिक्रिया देने में मदद करेगी।

प्रणाली का उद्देश्य

  • सक्रिय निगरानी: यह प्रणाली भूमि उपयोग में परिवर्तन, वनों की कटाई और अतिक्रमण का पता लगाने का उद्देश्य रखती है, ताकि त्वरित सुधारात्मक कार्रवाई की जा सके।

  • रियल-टाइम अलर्ट: उपग्रह चित्रों से अलर्ट तैयार किए जाते हैं और उन्हें फील्ड स्टाफ को तत्काल सत्यापन और कार्रवाई के लिए भेजा जाता है।

उदाहरणात्मक पहल का महत्व

  • पहली बार: मध्य प्रदेश पहला राज्य है जो वन निगरानी के लिए AI और उपग्रह डेटा को एकीकृत कर रहा है, जिससे अन्य राज्यों के लिए एक उदाहरण स्थापित हो रहा है।

  • कुशलता: रियल-टाइम डेटा का उपयोग करके वन अधिकारी illegal logging और भूमि अतिक्रमण जैसी समस्याओं को शीघ्र समाधान कर सकते हैं।

  • सततता: पर्यावरणीय परिवर्तनों की पहचान और त्वरित प्रतिक्रिया से वन संरक्षण और सतत वन प्रबंधन को बेहतर बनाने में मदद मिलती है।

पृष्ठभूमि
यह परियोजना मध्य प्रदेश के वन क्षेत्रों में अक्सर उत्पन्न होने वाली समस्याओं जैसे अवैध कटाई और भूमि अतिक्रमण का जवाब है। इस प्रणाली में Google Earth Engine से उपग्रह इमेजरी और AI एल्गोरिदम का उपयोग किया जाता है ताकि वन भूमि उपयोग परिवर्तनों जैसे वनस्पति परिवर्तन, निर्माण या कृषि अतिक्रमण का पता लगाया जा सके।

मुख्य तथ्य

  • पायलट परियोजना: यह प्रणाली वर्तमान में पांच संवेदनशील वन प्रभागों में परीक्षण की जा रही है: शिवपुरी, गुना, विदिशा, बुरहानपुर और खंडवा।

  • AI एकीकरण: मशीन लर्निंग मॉडल लगातार क्षेत्रीय डेटा के आधार पर अलर्ट और भविष्यवाणियों की सटीकता को सुधारते हैं।

  • डेटा विशेषताएँ: प्रत्येक अलर्ट में 20 से अधिक डेटा बिंदु होते हैं, जिसमें GPS-टैग की गई तस्वीरें, वॉयस नोट्स और मोबाइल ऐप से सर्वेक्षण टिप्पणियाँ शामिल होती हैं।

सारांश/स्थिर बिंदु विवरण
खबर में क्यों है? मध्य प्रदेश ने भारत की पहली AI-आधारित रियल-टाइम वन अलर्ट सिस्टम लॉन्च की है।
प्रणाली प्रकार AI-आधारित रियल-टाइम वन अलर्ट प्रणाली
प्रौद्योगिकी का उपयोग गूगल अर्थ इंजन, AI एल्गोरिदम, मोबाइल ऐप्स
पायलट स्थान शिवपुरी, गुना, विदिशा, बुरहानपुर, खंडवा
मुख्य विशेषताएँ GPS डेटा, तस्वीरें, वॉयस नोट्स, और उपग्रह-निर्मित संकेतों के साथ अलर्ट
प्राथमिक लक्ष्य भूमि उपयोग परिवर्तनों, वनक्षरण, और अतिक्रमण की रियल-टाइम निगरानी
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vikash

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