Categories: Sci-Tech

ईएसए ने सूर्यमंडलीय निकायों की समीक्षा हेतु ‘यूक्लिड स्पेस टेलीस्कोप’ लॉन्च किया

यूरोपीय स्पेस एजेंसी (ईएसए) ने सूर्यमंडलीय निकायों की समीक्षा करने और नई सूचनाएं प्राप्त करने के लिए विशेष रूप से डिज़ाइन ‘यूक्लिड स्पेस टेलीस्कोप’ को लॉन्च किया है। इस टेलीस्कोप के द्वारा वैज्ञानिक ब्रह्माण्ड के 10 अरब प्रकाशवर्ष के विस्तृत क्षेत्र में फैली अरबों गैलेक्सी का त्रिआयामी नक्शा तैयार करेगा। साथ ही उम्मीद की जा रही है कि इसके अवलोकनों से डार्क मैटर और डार्क ऊर्जा के रहस्यों को भी सुलझाने में मदद मिलेगी।

 

इस टेसलीस्कोप का नाम

 

ग्रीक गणितज्ञ यूक्लिड के नाम पर इस टेसलीस्कोप का नाम दिया गया है। यह टेलीसस्कोलप पृथ्वी से करीब 15 लाख किलोमीटर की दूरी पर दूसरे लैगरेंज प्वाइंट (एल2) पर जाकर स्थापित होगा और वहां से उन तरंगों का भी अवलोकन कर सकेगा जिनका पृथ्वी की सतह तक पहुंचना मुश्किल होता है। यूक्लिड टेसलीस्कोप का लक्ष्य ब्रह्माण्ड की अरबों गैलेक्सी के अवलोकन उसका सबसे सटीक त्रिआयामी नक्शा बनाना है जो 10 अरब प्रकाशवर्ष के क्षेत्र में फैली हैं।

 

इस अभियान की आयु

 

इस अभियान की आयु फिलहाल छह साल की रखी गई है। इस विस्तृत नक्शे के जरिए वैज्ञानिक ब्रह्माण्ड के विस्तार की गुत्थी को सुलझाने के लिए भी काफी आकंड़े जमा करने में सक्षम हो सकेंगे और उसके विकासक्रम की कई जानकारी हासिल करेंगे। पूर्व में जेम्स वेब स्पेस टेलीस्कोप भी लैगरेंज 2 बिंदु के पास स्थापित किया जा चुका है।

यूक्लिड टेलीस्कोप का उपयोग

 

यूक्लिड में एक 1.2 मीटर के व्यास का एक प्रमुख मिरर, एक नियर इंफ्रारेड स्पैक्ट्रोमीटर, एक फोटोमीटर लगाया गया है। यह करीब 2 टन का भारी है। इसके जरिए नियर इंफ्रारेड स्पैक्ट्रम में अंतरिक्ष की तस्वीरें, स्पैक्ट्रोस्कोपी, फोटोमैट्री हासिल की जा सकेंगी। सटीक मापन के लिए एक सनशील्ड टेलीस्कोप को सौर विकिरण से बचाने का काम करेगी और उसके तापमान का स्थिर रखेगी। यह टेलीस्कोप मानव संसाधनों, ग्लोबल स्वास्थ्य, जलवायु परिवर्तन, और महासागरों के अध्ययन में महत्वपूर्ण योगदान करेगा।

 

प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए मुख्य बातें

 

  • यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी के महानिदेशक: जोसेफ एशबैकर
  • यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी का मुख्यालय: पेरिस, फ्रांस

 

More Sci-Tech News Here

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

मातृत्व अवकाश पर बड़ा बदलाव: गोद लेने वाली माताओं को मिली राहत

सुप्रीम कोर्ट ने दत्तक (गोद लेने वाली) माताओं के लिए मातृत्व अवकाश पर लगी उम्र…

7 hours ago

नारियल उत्पादन में भारत बना विश्व का नंबर 1 देश, 30% से अधिक हिस्सेदारी

भारत ने दुनिया के सबसे बड़े नारियल उत्पादक देश के रूप में अपनी स्थिति और…

8 hours ago

भारत में स्टार्टअप क्रांति: 2.12 लाख से ज्यादा स्टार्टअप, महिला नेतृत्व में बड़ा उछाल

भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम तेजी से बढ़ रहा है। सरकार द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के…

9 hours ago

भारत बना दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मेट्रो नेटवर्क: शहरी परिवहन में ऐतिहासिक उपलब्धि

भारत अब दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मेट्रो नेटवर्क बन गया है, जो देश के…

9 hours ago

महाराष्ट्र विधानसभा ने धर्म की स्वतंत्रता विधेयक 2026 पारित किया

महाराष्ट्र विधानसभा ने ‘धर्म स्वतंत्रता विधेयक 2026’ पारित कर दिया है। इस विधेयक का उद्देश्य…

10 hours ago

ट्रांसजेंडर अधिकार संशोधन 2026: नए नियम और बड़े बदलाव

ट्रांसजेंडर अधिकार संशोधन विधेयक 2026 संसद में पेश किया गया है। यह विधेयक 2019 के…

11 hours ago