भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने इजरायली फर्म एनएसओ ग्रुप (NSO Group) द्वारा विकसित स्पाइवेयर पेगासस (Pegasus) का उपयोग करके अनधिकृत निगरानी के आरोपों को देखने के लिए तीन सदस्यीय समिति नियुक्त की है। इसकी अध्यक्षता सेवानिवृत्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति आर वी रवींद्रन (R V Raveendran) करेंगे। वह तकनीकी समिति के कामकाज की निगरानी करेंगे, जो “आरोपों की सच्चाई या झूठ” की जांच करेगी और “तेजी से” एक रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। जस्टिस रवींद्रन बीसीसीआई में सुधार के लिए 2015 में सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त आरएम लोढ़ा (R M Lodha) समिति का हिस्सा थे।
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समिति अन्य सदस्य:
- नवीन कुमार चौधरी, प्रोफेसर (साइबर सुरक्षा और डिजिटल फोरेंसिक)
- प्रभारन पी, प्रोफेसर (इंजीनियरिंग स्कूल)
- अश्विन अनिल गुमस्ते, इंस्टीट्यूट चेयर एसोसिएट प्रोफेसर (कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग)




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