सबा शॉल बनीं सेंट्रल जेल की पहली कश्मीरी महिला प्रमुख

सबा शॉल को जम्मू-कश्मीर की उच्च सुरक्षा वाली सुधारात्मक संस्था सेंट्रल जेल श्रीनगर की पहली कश्मीरी महिला प्रमुख नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति 2 मार्च 2026 को गृह विभाग द्वारा जारी सरकारी आदेश के तहत की गई। इस निर्णय के साथ जम्मू-कश्मीर कारागार विभाग में एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक फेरबदल लागू हुआ है। साथ ही यह कदम क्षेत्र में वर्दीधारी सेवाओं में महिलाओं के लिए एक ऐतिहासिक और प्रेरणादायक उपलब्धि के रूप में भी देखा जा रहा है, जिसने लैंगिक समानता की दिशा में नई मिसाल कायम की है।

सबा शॉल कौन हैं?

सबा शॉल जम्मू-कश्मीर की एक वरिष्ठ कारागार अधिकारी हैं, जिन्होंने हाल ही में श्रीनगर की केंद्रीय जेल की पहली कश्मीरी महिला प्रमुख बनकर इतिहास रचा है।

प्रारंभिक जीवन और शिक्षा

सबा शॉल श्रीनगर के पीरबाग क्षेत्र से संबंध रखती हैं। उन्होंने सोशल वर्क (समाज कार्य) में परास्नातक (मास्टर डिग्री) प्राप्त की है। वर्ष 2012 में उन्होंने जम्मू और कश्मीर लोक सेवा आयोग (JKPSC) की परीक्षा उत्तीर्ण की। उस वर्ष उन्होंने सुपरिंटेंडेंट ऑफ पुलिस (प्रिज़न्स) पद के लिए ओपन मेरिट में एकमात्र स्थान हासिल किया।

2012 में JKPSC परीक्षा में सफलता प्राप्त करना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि थी, खासकर उस समय जब बहुत कम कश्मीरी महिलाएं वर्दीधारी सरकारी सेवाओं में प्रवेश कर पाती थीं। उनकी यह उपलब्धि क्षेत्र की महिलाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी।

सबा शॉल का पेशेवर करियर सफर

प्रारंभिक पेशेवर अनुभव

  • सबा शॉल ने कारागार विभाग में शामिल होने से पहले सामाजिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
  • उन्होंने वरिष्ठ सामुदायिक विकास सलाहकार (Senior Community Development Consultant) के रूप में कार्य किया।
  • इंडो ग्लोबल सोशल सर्विस सोसाइटी के साथ जुड़कर जमीनी स्तर पर सामाजिक कार्य और क्षमता निर्माण (Capacity Building) पहलों पर काम किया।
  • सामुदायिक विकास के क्षेत्र में उनके प्रारंभिक अनुभव ने उन्हें सामाजिक सुधार, पुनर्वास (Rehabilitation) और प्रशासनिक समन्वय की गहरी समझ प्रदान की।

जम्मू-कश्मीर कारागार विभाग में भूमिका

वर्ष 2012 में जम्मू और कश्मीर लोक सेवा आयोग (JKPSC) परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद उन्होंने पुलिस अधीक्षक (कारागार) का पद संभाला। इसके बाद उन्होंने विभाग में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं, जैसे:

  • कारागार मुख्यालय में सेवा
  • प्रशासनिक कार्यों का प्रबंधन
  • जनसंपर्क अधिकारी (PRO) के रूप में कार्य
  • विभागीय प्रशिक्षण और संचार का समन्वय

मैदानी अनुभव और प्रशासनिक दक्षता के इस संयोजन ने उन्हें श्रीनगर की उच्च सुरक्षा वाली केंद्रीय जेल जैसे संस्थान का नेतृत्व करने के लिए एक मजबूत और उपयुक्त उम्मीदवार बनाया।

सेंट्रल जेल श्रीनगर की प्रमुख के रूप में नियुक्ति

सबा शॉल को कारागार महानिदेशक के स्टाफ अधिकारी पद से स्थानांतरित कर तत्काल प्रभाव से सेंट्रल जेल श्रीनगरकी अधीक्षक (Superintendent) का कार्यभार सौंपा गया है।

सेंट्रल जेल श्रीनगर केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर की सबसे संवेदनशील और उच्च सुरक्षा वाली सुधारात्मक संस्थाओं में से एक मानी जाती है। ऐसे महत्वपूर्ण संस्थान का नेतृत्व सौंपा जाना उनके अनुभव और प्रशासनिक क्षमता का प्रमाण है।

उनकी नियुक्ति को निम्न रूप में देखा जा रहा है—

  • लैंगिक प्रतिनिधित्व (Gender Representation) की दिशा में एक प्रगतिशील कदम
  • उनकी प्रशासनिक दक्षता और नेतृत्व क्षमता की मान्यता
  • जम्मू-कश्मीर में महिला अधिकारियों के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि

यह निर्णय क्षेत्र में वर्दीधारी सेवाओं में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और सशक्तिकरण का प्रतीक भी है।

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vikash

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