केंद्र सरकार ने आधिकारिक रूप से भारतीय विदेश सेवा (IFS) की अधिकारी निधि तिवारी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की निजी सचिव नियुक्त किया है। कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ने 29 मार्च 2025 को एक आधिकारिक अधिसूचना जारी कर उनकी नियुक्ति की पुष्टि की, जो तत्काल प्रभाव से लागू हुई।
निधि तिवारी कौन हैं?
पृष्ठभूमि और सिविल सेवा में करियर
निधि तिवारी एक प्रतिष्ठित भारतीय विदेश सेवा अधिकारी हैं, जिन्होंने कूटनीतिक और सरकारी मामलों में व्यापक अनुभव प्राप्त किया है। उन्होंने विभिन्न मंत्रालयों और विभागों में महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभाई हैं।
पूर्ववर्ती पद और योगदान
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प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में उप सचिव (नवंबर 2022 – मार्च 2025):
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उच्च स्तरीय प्रशासनिक और कूटनीतिक मामलों में अहम भूमिका निभाई।
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विभिन्न सरकारी विभागों और मंत्रालयों के बीच समन्वय कर नीतियों को लागू करने में योगदान दिया।
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विदेश मंत्रालय – निशस्त्रीकरण और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मामलों के प्रभाग में अवर सचिव:
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वैश्विक निशस्त्रीकरण पहलों पर भारत की रणनीतियों को मजबूत किया।
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अंतरराष्ट्रीय संगठनों और विदेशी राजनयिकों के साथ समन्वय कर भारत की कूटनीतिक साझेदारियों को विकसित किया।
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प्रधानमंत्री मोदी की निजी सचिव के रूप में नियुक्ति
अनुमोदन और आधिकारिक घोषणा
मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति (ACC) ने निधि तिवारी की नियुक्ति को मंजूरी दी, और कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) ने 29 मार्च 2025 को इसकी आधिकारिक घोषणा की। उनकी नियुक्ति से प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के संचालन में और अधिक दक्षता और समन्वय की उम्मीद की जा रही है।
नियुक्ति का महत्व
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PMO संचालन को मजबूती: उनकी कूटनीतिक और प्रशासनिक विशेषज्ञता प्रधानमंत्री की नीतियों और कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन में सहायक होगी।
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महिला नेतृत्व को बढ़ावा: यह नियुक्ति सरकार में उच्च पदों पर महिलाओं की भागीदारी को और प्रोत्साहित करती है।
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विदेश नीति में योगदान: अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मामलों में उनके अनुभव से भारत की विदेश नीति और रणनीतिक साझेदारियों को मजबूती मिलेगी।
पहलू | विवरण |
क्यों चर्चा में? | निधि तिवारी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की निजी सचिव नियुक्त किया गया। |
आधिकारिक अधिसूचना | कार्मिक और प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा 29 मार्च 2025 को जारी। |
पिछला पद | प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) में उप सचिव (नवंबर 2022 – मार्च 2025)। |
पूर्व अनुभव | विदेश मंत्रालय के निशस्त्रीकरण और अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा मामलों के प्रभाग में अवर सचिव। |
महत्व | PMO की दक्षता में वृद्धि, महिला नेतृत्व को बढ़ावा, और भारत की विदेश नीति को मजबूती। |