
भारत की पहली महिला पैरालंपिक पदक विजेता दीपा मलिक ने ‘नि-क्षय मित्र’ पहल की राष्ट्रीय राजदूत बनकर क्षयरोग (टीबी) उन्मूलन अभियान को अपना समर्थन देने का संकल्प लिया है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि ‘नि-क्षय’ की शुरुआत राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने की है जो टीबी पीड़ित रोगियों को पोषण, अतिरिक्त निदान और व्यावसायिक सहायता के तीन स्तरों पर मदद प्रदान करने का प्रयास करती है।
Buy Prime Test Series for all Banking, SSC, Insurance & other exams
मलिक पद्म श्री, खेल रत्न व अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित हैं। मलिक ने मार्च 2018 में प्रधानमंत्री नरेन् द्र मोदी द्वारा शुरू किए गए क्षयरोग (टीबी) मुक्त भारत अभियान के प्रति अपनी प्रतिबद्धता उस समय व्यक्त की, जब उन्होंने प्रगति मैदान जारी 41वें भारत अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेला में स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के मंडप में टीबी जागरूकता गतिविधियों में भाग लिया।
भारत की पैरालंपिक समिति के अध्यक्ष ने ‘नि-क्षय’ मित्र के रूप में स्वयं पांच क्षय रोगियों को गोद लिया है। उन्होंने कहा कि यदि हर कोई इस कलंक को दूर करके, जागरूकता फैलाकर और सहायता प्रदान करके अपनी क्षमता से भाग लेता है, तो भारत बहुत जल्द टीबी पर विजय प्राप्त कर लेगा।



रेलवे बजट 2026: भारतीय रेलवे को बदलने के...
Union Budget 2026: नया इनकम टैक्स कानून ...
बजट 2026: क्या हुआ सस्ता और क्या महंगा...

