भारतीय रिजर्व बैंक के अनुसार पिछले वर्ष की इसी अवधि के दौरान 1.1% की तुलना में उच्च व्यापार घाटे के कारण इस वर्ष जुलाई-सितंबर तिमाही के लिये चालू खाता घाटा (CAD) में सकल घरेलू उत्पाद के 2.9% तक वृद्धि हुई है.
दूसरी तिमाही के लिए घाटा 19.1 अरब डॉलर था जो पिछले वर्ष की समान अवधि में 6.9 अरब डॉलर था. अप्रैल-जून तिमाही के लिए CAD सकल घरेलू उत्पाद का 2.4% या 15.9 अरब डॉलर था.
स्रोत: द हिंदू


भारतीय नौसेना में 27 फरवरी को शामिल होगा...
झारखंड बजट 2026-27: ₹1.58 लाख करोड़ का ‘...
जनवरी 2026 में रूसी फॉसिल फ्यूल का दूसरा...

