देश की पहली महिला शिक्षक, सावित्रीबाई फुले, एक सामाजिक कार्यकर्ता और कवि भी थीं थीं. उनका जन्म 03 जनवरी 1831 को महाराष्ट्र के नवगाँव में हुआ था. सावित्रीबाई को भारत में स्त्री शिक्षा के अवसरों की आधारशिला रखने का श्रेय जाता है.
उन्होंने ब्रिटिश काल में देश में महिला अधिकारों के सुधार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. उनकी अनेक कविताओं में भेदभाव का विरोध किया गया था और शिक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया था. उन्होंने छुआछूत के विरोध, सती प्रथा, बाल-विवाह एवं अन्य सामाजिक बुराइयों के खिलाफ अभियान चलाया. आज उनके 186वें जन्मदिन के अवसर पर गूगल इंडिया ने भी गूगल डूडल द्वारा उन्हें याद किया.
उन्होंने ब्रिटिश काल में देश में महिला अधिकारों के सुधार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. उनकी अनेक कविताओं में भेदभाव का विरोध किया गया था और शिक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया था. उन्होंने छुआछूत के विरोध, सती प्रथा, बाल-विवाह एवं अन्य सामाजिक बुराइयों के खिलाफ अभियान चलाया. आज उनके 186वें जन्मदिन के अवसर पर गूगल इंडिया ने भी गूगल डूडल द्वारा उन्हें याद किया.
स्रोत – दि हिन्दू



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