विश्व सेरेब्रल पाल्सी दिवस 2025: थीम, इतिहास और महत्व

हर वर्ष 6 अक्टूबर को विश्व सेरेब्रल पाल्सी दिवस (World Cerebral Palsy Day – WCPD) मनाया जाता है, ताकि सेरेब्रल पाल्सी (Cerebral Palsy – CP) नामक न्यूरोलॉजिकल विकार के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके — जो बचपन में होने वाली सबसे आम शारीरिक विकलांगताओं में से एक है। यह दिन समावेशन, समानता और सशक्तिकरण के विचारों को बढ़ावा देता है, ताकि सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित व्यक्ति और उनके परिवार समाज में सम्मानपूर्वक जीवन जी सकें।

2025 का विषय (Theme): “Unique and United” (अद्वितीय और एकजुट)
यह विषय दो मूल भावों पर आधारित है —

  • अद्वितीयता (Uniqueness) — प्रत्येक व्यक्ति में अपनी अलग क्षमताएँ, संभावनाएँ और ताकत होती हैं।

  • एकता (Unity) — समानता, सहानुभूति और सामूहिक प्रयासों से ही वास्तविक समावेशन संभव है।

यह थीम समाज से आग्रह करती है कि हम विविधता को पहचानें, बाधाएँ तोड़ें और एक ऐसे समावेशी वातावरण का निर्माण करें जहाँ सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित लोग गरिमा, पहुंच और अवसरों के साथ जीवन जी सकें।

सेरेब्रल पाल्सी (Cerebral Palsy) क्या है?

सेरेब्रल पाल्सी एक तंत्रिका संबंधी विकार (neurological disorder) है, जो मस्तिष्क के असामान्य विकास या क्षति के कारण शरीर की गति, मुद्रा (posture) और मांसपेशियों के समन्वय (coordination) को प्रभावित करता है।

  • यह आमतौर पर जन्म से पहले, जन्म के दौरान या जन्म के तुरंत बाद होती है।

  • यह जीवनभर रहने वाली स्थिति है, लेकिन समय के साथ और गंभीर नहीं होती

  • इसके लक्षण और गंभीरता व्यक्ति-व्यक्ति में भिन्न हो सकते हैं — कुछ में हल्की मोटर कठिनाइयाँ होती हैं, जबकि कुछ को गहरी शारीरिक अक्षमता का सामना करना पड़ता है।

मुख्य कारण और जोखिम कारक

  • गर्भावस्था या शैशवावस्था में मस्तिष्क को चोट या क्षति

  • समय से पहले जन्म (Premature birth) या कम जन्म वजन

  • मातृ संक्रमण — जैसे जर्मन खसरा (Rubella) या साइटोमेगालोवायरस (CMV)

  • Rh असंगति (Rh incompatibility) — माँ और भ्रूण के रक्त समूहों में असमानता

  • जन्म के समय ऑक्सीजन की कमी (Birth asphyxia)

मुख्य लक्षण

  • मोटर विकास में देरी (बैठने, रेंगने या चलने में देर)

  • मांसपेशियों में कठोरता या ढीलापन

  • समन्वय और संतुलन में कठिनाई

  • बोलने या निगलने में समस्या

  • दृष्टि या श्रवण से संबंधित कठिनाइयाँ

वैश्विक और भारतीय आँकड़े

Cerebral Palsy Alliance Research Foundation (CPARF) के अनुसार:

  • विश्वभर में लगभग 1.7 करोड़ (17 million) लोग सेरेब्रल पाल्सी के साथ जीवन जी रहे हैं।

  • लगभग 350 मिलियन लोग ऐसे हैं जो किसी न किसी रूप में CP से प्रभावित व्यक्ति से जुड़े हैं।

  • भारत में इसकी घटनाएं लगभग 1,000 जीवित जन्मों पर 3 हैं।

  • भारत में 15–20% शारीरिक रूप से विकलांग बच्चे सेरेब्रल पाल्सी से प्रभावित हैं।

सहवर्ती समस्याएँ

स्थिति अनुपात
बौद्धिक अक्षमता (Intellectual Disability) 1 में से 2
सीमित या बिना चलने की क्षमता 1 में से 3
भाषण या मूत्राशय संबंधित कठिनाई 1 में से 4
दीर्घकालिक दर्द (Chronic Pain) 3 में से 4
दृष्टि में गंभीर समस्या 1 में से 10

इन आँकड़ों से स्पष्ट है कि सेरेब्रल पाल्सी का प्रभाव केवल शारीरिक गतिशीलता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मानसिक, भावनात्मक और सामाजिक स्वास्थ्य को भी प्रभावित करता है।

विश्व सेरेब्रल पाल्सी दिवस का महत्व

यह दिवस कई स्तरों पर जागरूकता और बदलाव को प्रोत्साहित करता है —

  • प्रारंभिक पहचान, उपचार और पुनर्वास की जानकारी बढ़ाना

  • शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और रोजगार में समावेशी नीतियों की वकालत करना

  • शारीरिक एवं न्यूरोलॉजिकल विकलांगता से जुड़े कलंक को समाप्त करना

  • वैज्ञानिक अनुसंधान और पुनर्वास तकनीकों को प्रोत्साहित करना

  • अभियानों, कार्यशालाओं और सामुदायिक कार्यक्रमों के माध्यम से सहानुभूति और एकजुटता बढ़ाना

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

जस्टिस मनोज कुमार गुप्ता उत्तराखंड हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस नियुक्त

भारत की न्यायपालिका में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तहत न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता को उत्तराखंड…

21 mins ago

2025 में महिलाओं के लिए सबसे अच्छा शहर रहा बेंगलुरु, जानें दूसरे नंबर पर कौन?

देश में महिला सुरक्षा के मामले में बेंगलुरु और चेन्नई सबसे बेहतर शहरों के रूप…

2 hours ago

केयी पन्योर बना भारत का पहला ‘बायो-हैप्पी जिला’

अरुणाचल प्रदेश का नवगठित जिला केयी पन्योर अब भारत का पहला ‘बायो-हैप्पी जिला’ बनने जा…

3 hours ago

तमिलनाडु ने भारत की पहली डीपटेक स्टार्टअप पॉलिसी लॉन्च की

भारत के नवाचार पारितंत्र को बड़ी मजबूती देते हुए तमिलनाडु ने देश की पहली समर्पित…

3 hours ago

पूर्व केंद्रीय मंत्री कबींद्र पुरकायस्थ का 94 साल की उम्र में निधन

भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री कबींद्र पुरकायस्थ का 07 जनवरी 2026 को…

18 hours ago

प्रवासी भारतीय दिवस (पीबीडी) 2026: तिथि, इतिहास, महत्व और मुख्य तथ्य

प्रवासी भारतीय दिवस (Pravasi Bharatiya Divas – PBD), जिसे अनिवासी भारतीय (NRI) दिवस भी कहा…

18 hours ago