भारत और भूटान के बीच न्यायिक सहयोग को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने भूटान के साथ युवा विधि पेशेवरों (लॉ क्लर्क्स) के आदान-प्रदान के लिए एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस घोषणा की जानकारी भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्य कांत ने दी और भूटान से आए दो लॉ क्लर्क्स का सर्वोच्च न्यायालय में स्वागत किया।
भारत और भूटान के बीच एक MoU पर हस्ताक्षर किए गए हैं, जिसके तहत भूटान के लॉ क्लर्क्स भारत के सर्वोच्च न्यायालय में कार्य करेंगे। इस पहल का उद्देश्य न्यायिक आदान-प्रदान, प्रशिक्षण और दीर्घकालिक संस्थागत सहयोग को बढ़ावा देना है।
इस समझौते की मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं—
यह पहल दोनों देशों के बीच विकसित हो रहे न्यायिक सहयोग को दर्शाती है—
यह MoU दोनों देशों के लिए कई दृष्टियों से महत्वपूर्ण है—
भारत की महिला हॉकी टीम ने हॉकी वर्ल्ड कप 2026 के लिए क्वालीफाई कर लिया…
भारत में तेजी से बढ़ते शहरीकरण के बीच पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखना एक बड़ी चुनौती…
विश्व किडनी दिवस (World Kidney Day) प्रत्येक वर्ष मार्च के दूसरे गुरुवार को मनाया जाता…
वर्ष 2026 में भारत का अरबपति क्लब एक नए मील के पत्थर पर पहुँच गया…
क्या आप जानते हैं कि पश्चिम एशिया में स्थित एक बहुत संकीर्ण समुद्री मार्ग वैश्विक…
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तिरुचिरापल्ली, तमिलनाडु में लगभग ₹5,600 करोड़ की विभिन्न विकास परियोजनाओं का…