गति शक्ति विश्वविद्यालय और SAP ने भारत के लॉजिस्टिक्स एवं परिवहन क्षेत्र में पेशेवरों को डिजिटल रूप से कुशल बनाने हेतु समझौता

भारत के तेज़ी से बढ़ते लॉजिस्टिक्स और परिवहन क्षेत्र के लिए भविष्य के लिए तैयार कार्यबल तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, यूरोप की सबसे बड़ी सॉफ्टवेयर निर्माता कंपनी SAP ने गति शक्ति विश्वविद्यालय (GSV) के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए हैं। इस साझेदारी का उद्देश्य पेशेवरों को डिजिटल रूप से कुशल बनाना और शिक्षा के ढांचे में अत्याधुनिक लॉजिस्टिक्स समाधानों को एकीकृत करना है।

रोज़गार सशक्तिकरण:
गतिशक्ति विश्वविद्याय (GSV) से प्रशिक्षित स्नातक और स्नातकोत्तर छात्रों को उद्योग-प्रासंगिक डिजिटल लॉजिस्टिक्स कौशल प्रदान किए जाएंगे। इसका उद्देश्य शैक्षणिक प्रशिक्षण और उद्योग की आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटना है।

पाठ्यक्रम संवर्धन एवं क्षमतावर्धन:
SAP के डिजिटल लॉजिस्टिक्स उपकरणों को GSV के शिक्षण मॉड्यूल में शामिल किया जाएगा। यह प्रशिक्षण छात्रों के साथ-साथ सरकारी अधिकारियों को भी दिया जाएगा, ताकि उन्हें वास्तविक जीवन की परिस्थितियों के लिए व्यावहारिक रूप से तैयार किया जा सके।

उद्योग से जुड़ाव: अनुसंधान, नवाचार और रोज़गार के अवसर
इस साझेदारी का उद्देश्य डिजिटल लॉजिस्टिक्स और परिवहन के क्षेत्र में अनुसंधान और विकास को बढ़ावा देना है। साथ ही, उद्योग और शैक्षणिक संस्थानों के बीच सहयोग को मज़बूत कर राष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स दक्षता में सुधार करना भी इसका प्रमुख उद्देश्य है।

भारत के लॉजिस्टिक्स क्षेत्र पर प्रभाव
यह सरकारी–औद्योगिक साझेदारी निम्नलिखित लाभ देने की संभावना रखती है:

  • ज्ञान हस्तांतरण और संयुक्त नवाचार को सक्षम बनाना।

  • छात्रों को प्रायोगिक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण के अवसर प्रदान करना।

  • ऐसे कार्यबल का निर्माण करना जो भारत के तेज़ी से विकसित हो रहे लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम की मांगों को पूरा कर सके।

SAP की वैश्विक विशेषज्ञता और GSV की परिवहन और लॉजिस्टिक्स पर विशेषीकृत समझ के समन्वय से यह पहल कौशल विकास में एक क्रांतिकारी बदलाव लाने का लक्ष्य रखती है।

SAP लैब्स इंडिया का विस्तार
इस समझौते के साथ ही SAP लैब्स इंडिया ने बेंगलुरु में अपना दूसरा कैंपस शुरू किया है। यह कदम भारत को एक वैश्विक प्रौद्योगिकी और नवाचार केंद्र के रूप में विकसित करने की SAP की दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

भारत अब 11वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था से आगे बढ़ते हुए तीसरे स्थान की ओर अग्रसर है। पिछले 11 वर्षों में इलेक्ट्रॉनिक्स निर्यात में आठ गुना वृद्धि हुई है, और जल्द ही देश में निर्मित पहला सेमीकंडक्टर चिप भी उत्पादन के लिए तैयार होगा।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

दिग्गज बॉलीवुड अभिनेत्री मधु मल्होत्रा का निधन

दिग्गज बॉलीवुड अभिनेत्री मधु मल्होत्रा (Madhu Malhotra) का 13 मार्च 2026 को 71 वर्ष की…

3 hours ago

कवि-गीतकार वैरामुथु को ज्ञानपीठ पुरस्कार मिला

प्रसिद्ध तमिल कवि और गीतकार वैरामुथु को वर्ष 2025 के लिए प्रतिष्ठित ज्ञानपीठ पुरस्कार से…

3 hours ago

मोटरहेड के गिटार लेजेंड फिल कैंपबेल का निधन, फैंस के बीच दुख भरी खबर

प्रसिद्ध हेवी मेटल बैंड मोटरहेड (Motörhead) के दिग्गज गिटारिस्ट फिल कैंपबेल का 64 वर्ष की…

4 hours ago

NHAI ने अप्रैल 2026 से FASTag वार्षिक पास शुल्क बढ़ाया

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने FASTag के वार्षिक पास शुल्क में संशोधन की घोषणा…

4 hours ago

ऑस्कर 2026: 98वें अकादमी अवॉर्ड्स के सभी विजेताओं की पूरी सूची

98वें एकेडमी अवॉर्ड्स (98th Academy Awards) में वर्ष 2025 की सर्वश्रेष्ठ फिल्मों और कलाकारों को…

5 hours ago

BCCI नमन अवॉर्ड्स 2026: भारतीय क्रिकेट के सितारों को मिला सम्मान, देखें फुल लिस्ट

भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने 15 मार्च 2026 को नई दिल्ली में आयोजित एक…

6 hours ago