लंदन की रॉयल एयरोनॉटिकल सोसाइटी (RAeS) ने वर्ष 2019 के द आनरेरी फैलोशिप ऑफ़ द सोसायटी सम्मान से DRDO के अध्यक्ष और रक्षा अनुसंधान एवं विकास विभाग के सचिव जी. सतीश रेड्डी को सम्मानित किया हैं। रेड्डी बीते 100 सालों में यह सम्मान पाने वाले पहले भारतीय वैज्ञानिक हैं। सोसाइटी का सर्वोच्च सम्मान रेड्डी को पिछले तीन दशकों में भारत में विविधीकृत मिसाइल प्रणालियों, एयरोस्पेस वाहनों, निर्देशित हथियारों और एविओनिक्स प्रौद्योगिकियों की डिजाइन, विकास और तैनाती में योगदान के लिए दिया गया ।
इस फैलोशिप सम्मान को एयरोस्पेस जगत में नोबेल पुरस्कार माना जाता है। यह एयरोस्पेस क्षेत्र में दिए असाधारण योगदान के लिए दिया जाने वाला दुनिया का सबसे बड़ा सम्मान है। पहला आनरेरी फैलोशिप सम्मान वर्ष 1917 में प्रदान किया गया था।
उपरोक्त समाचार से RRB NTPC/SSC CGL परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
- DRDO का गठन: 1958, मुख्यालय: नई दिल्ली
स्रोत: द हिंदू



ICAR और NDDB ने डेयरी रिसर्च को मज़बूत क...
APAAR ID निर्माण में छत्तीसगढ़ सबसे आगे...
भारत और जर्मनी ने डाक, एक्सप्रेस और लॉजि...

