MobiKwik को RBI से NBFC की मंज़ूरी मिली, डिजिटल लेंडिंग के क्षेत्र में उतरने को तैयार

फिनटेक कंपनी One MobiKwik Systems को भारतीय रिज़र्व बैंक से नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) लाइसेंस के लिए मंज़ूरी मिल गई है। इस मंज़ूरी के साथ ही कंपनी के इतिहास में एक और अहम पड़ाव जुड़ गया है। इस मंज़ूरी से कंपनी को रेगुलेटेड लेंडिंग के क्षेत्र में विस्तार करने का मौका मिलेगा और वह अपनी एक अलग फाइनेंशियल सर्विसेज़ विंग शुरू कर सकेगी।

MobiKwik का NBFC लाइसेंस RBI ने मंज़ूर किया

MobiKwik ने घोषणा की है कि NBFC लाइसेंस के लिए उसके आवेदन को भारतीय रिज़र्व बैंक ने मंज़ूर कर लिया है।

इस मंज़ूरी से कंपनी को औपचारिक रूप से विनियमित ऋण क्षेत्र में प्रवेश करने में मदद मिलेगी।

इस लाइसेंस के साथ,

  • मोबिक्विक सीधे लोन दे सकता है।
  • यह अपने क्रेडिट प्रोडक्ट पोर्टफोलियो को भी बढ़ा रहा है।
  • यह रेगुलेटेड फाइनेंशियल फ्रेमवर्क के तहत भी काम करता है।

खबर है कि यह मंज़ूरी चार महीने के अंदर मिल जाएगी और यह कंपनी पर रेगुलेटरी के भरोसे को दिखाता है।

MobiKwik Financial Services (MFSPL) की शुरुआत

मंज़ूरी मिलने के बाद, MobiKwik अपनी नई लेंडिंग डिवीज़न शुरू करेगा।

MobiKwik फाइनेंशियल सर्विसेज़ प्राइवेट लिमिटेड (MFSPL)

यह कंपनी की पूरी तरह से अपनी सहायक कंपनी है।

यह नई इकाई खास क्रेडिट प्रोडक्ट्स डिज़ाइन करने पर ध्यान देगी, साथ ही यह ग्राहकों और व्यापारियों, दोनों को सेवाएँ देगी और अपनी डिजिटल लेंडिंग क्षमताओं का विस्तार करेगी।

यह कदम पेमेंट्स से हटकर पूरी तरह से वित्तीय सेवाएँ देने की दिशा में एक रणनीतिक बदलाव का संकेत है।

कंपनी के नेतृत्व ने क्या कहा

उपासना टाकू के अनुसार, यह मंज़ूरी कंपनी के विकास में एक अहम पड़ाव है।

उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि:

  • यह मंज़ूरी MobiKwik की विश्वसनीयता को मज़बूत करेगी।
  • इससे एक बड़े पैमाने पर काम करने वाले फ़ाइनेंशियल प्लेटफ़ॉर्म में बदलने में मदद मिलेगी।
  • इससे विकास और नए प्रयोगों के लिए नए रास्ते खुलेंगे।

मंज़ूरी मिलने में लगी कम समय-सीमा रेगुलेटर के भरोसे को भी दिखाती है।

मज़बूत कस्टमर बेस और टेक्नोलॉजी का फ़ायदा

MobiKwik के पास पहले से ही एक बड़ा डिजिटल इकोसिस्टम है, जो उसके लेंडिंग बिज़नेस के विस्तार में मददगार साबित होगा।

इसकी मुख्य ताकतों में शामिल हैं:

  • 18.6 करोड़ से ज़्यादा यूज़र्स
  • बेहतरीन टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर
  • मज़बूत रिस्क अंडरराइटिंग सिस्टम

NBFC क्या है?

NBFC (नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी) एक वित्तीय संस्था है, जिसे RBI द्वारा रेगुलेट किया जाता है।

  • यह लोन और क्रेडिट सुविधाएँ प्रदान कर सकती है।
  • यह बैंकों जैसी ही सेवाएँ भी देती है।
  • यह बिना पूरे बैंकिंग लाइसेंस के काम करती है।

NBFCs, क्रेडिट की पहुँच बढ़ाने में—विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहाँ सेवाएँ कम उपलब्ध हैं—एक अहम भूमिका निभाती हैं।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

Symbiosis University ने एशिया की पहली UNESCO चेयर शुरू की

सिम्बायोसिस स्किल्स एंड प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी ने 'जेंडर इन्क्लूजन और स्किल डेवलपमेंट' पर एशिया की पहली…

3 hours ago

जानें कौन हैं एनालेना बेरबॉक, दिल्ली दौरे पर पहुंचीं UNGA अध्यक्ष

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने नई दिल्ली में संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) की अध्यक्ष एनालेना…

4 hours ago

नीति आयोग की DPI@2047 पहल लॉन्च: 30 ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य

भारत ने एक बड़े आर्थिक बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है, क्योंकि NITI Aayog…

4 hours ago

PV Sindhu ने BWF की परिषद के सदस्य के रूप में काम शुरू किया

दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू (PV Sindhu) ने विश्व बैडमिंटन महासंघ (BWF)…

4 hours ago

LG विनय सक्सेना का घोषणा, लद्दाख में बनाए गए पांच नए जिले

लद्दाख में पांच नए जिलों की अधिसूचना जारी हो गई है। इसकी जानकारी खुद एलजी…

4 hours ago

IRCTC ने नई दिल्ली से 14-दिवसीय भारत–भूटान मिस्टिक माउंटेन टूर किया लॉन्च

इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉर्पोरेशन (IRCTC) ने ‘भारत-भूटान मिस्टिक माउंटेन टूर’ शुरू किया है।…

5 hours ago