मेजर जनरल जी श्रीनिवास ने सीडीएम, सिकंदराबाद के कमांडेंट का पदभार ग्रहण किया

मेजर जनरल जी. श्रीनिवास ने आधिकारिक रूप से कॉलेज ऑफ डिफेंस मैनेजमेंट (CDM), सिकंदराबाद के कमांडेंट का पदभार ग्रहण कर लिया है। उन्होंने यह जिम्मेदारी लेफ्टिनेंट जनरल हर्ष छिब्बर से संभाली है, जिन्हें डायरेक्टर जनरल इंफॉर्मेशन सिस्टम्स के पद पर पदोन्नत किया गया है।

ऑपरेशन सिंदूर में अहम भूमिका

CDM में नियुक्ति से पूर्व मेजर जनरल श्रीनिवास पश्चिमी कमान क्षेत्र में ऑपरेशनल लॉजिस्टिक्स की योजना और क्रियान्वयन के लिए जिम्मेदार थे।

  • ऑपरेशन सिंदूर के दौरान उन्होंने रसद आपूर्ति की सुचारू व्यवस्था, संसाधनों के समन्वय और अग्रिम मोर्चों पर तैनात सैनिकों को समय पर सहयोग सुनिश्चित किया।

  • यह ऑपरेशन भारतीय सेना की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में बड़े पैमाने पर लॉजिस्टिक अभियान चलाने की क्षमता की परीक्षा था।

  • उनकी नेतृत्व क्षमता और दूरदर्शिता के चलते यह अभियान सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

कॉलेज ऑफ डिफेंस मैनेजमेंट (CDM) के बारे में

  • CDM, सिकंदराबाद एक प्रमुख त्रि-सेवा संस्थान है, जो इंटीग्रेटेड डिफेंस स्टाफ के अंतर्गत आता है।

  • इसका उद्देश्य सेना, नौसेना और वायुसेना के वरिष्ठ अधिकारियों को उन्नत प्रबंधन प्रशिक्षण देना है।

  • CDM आधुनिक युद्ध, सामरिक नेतृत्व, संसाधन प्रबंधन और संयुक्त अभियानों की जटिलताओं से निपटने के लिए अधिकारियों को तैयार करता है।

  • यहां प्रबंधन सिद्धांतों को रक्षा रणनीतियों के साथ जोड़ा जाता है, ताकि अधिकारी मल्टी-डोमेन वॉरफेयर और टेक्नोलॉजिकल ट्रांसफॉर्मेशन के लिए तैयार हो सकें।

मेजर जनरल श्रीनिवास का करियर और उपलब्धियाँ

  • एक अनुभवी सैन्य अधिकारी के रूप में उन्होंने कई ऑपरेशनल और स्टाफ पदों पर कार्य किया है।

  • उनकी विशेषज्ञता लॉजिस्टिक्स और ऑपरेशनल प्लानिंग में है, खासकर दबावपूर्ण और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में।

  • अपनी सामरिक दृष्टि और नवाचारपूर्ण योजनाओं के लिए जाने जाते हैं।

  • सेना में संसाधनों के कुशल उपयोग के लिए उन्होंने सफलतापूर्वक नए तंत्र लागू किए हैं।

  • CDM में उनकी नियुक्ति से उम्मीद है कि प्रशिक्षण पाठ्यक्रम को और आधुनिक बनाया जाएगा, विशेषकर लॉजिस्टिक्स, तकनीकी एकीकरण और रक्षा संसाधन प्रबंधन के क्षेत्रों में।

नेतृत्व परिवर्तन का महत्व

  • कमांडेंट का पद संभालते ही अब मेजर जनरल श्रीनिवास उस संस्थान का नेतृत्व कर रहे हैं जो भारतीय सशस्त्र बलों की सामरिक नेतृत्व क्षमता की रीढ़ है।

  • उनकी व्यापक ऑपरेशनल विशेषज्ञता और लॉजिस्टिक अनुभव से रक्षा शिक्षा, संयुक्त सेवा समन्वय और भविष्य की तैयारियों में नई दृष्टि जुड़ने की संभावना है।

  • यह नेतृत्व परिवर्तन CDM के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण है, जब यह संस्थान तेजी से बदलते सुरक्षा परिदृश्य की चुनौतियों से निपटने हेतु अधिकारियों को प्रशिक्षित करने के अपने मिशन को आगे बढ़ा रहा है।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

क्या भारत के ₹17.2 लाख करोड़ के उधार में बढ़ोतरी के बाद RBI दखल दे सकता है?

बजट FY27 में वित्तीय अनुशासन का संदेश देने के बावजूद बांड बाजार में दबाव के…

3 hours ago

अरुणाचल में ‘अग्नि परीक्षा’ अभ्यास के लिए सेना और ITBP का संयुक्त अभियान

हाल ही में अरुणाचल प्रदेश में आयोजित अभ्यास अग्नि परीक्षा ने खास ध्यान आकर्षित किया…

3 hours ago

आदमपुर हवाई अड्डे का नाम बदलकर श्री गुरु रविदास महाराज जी हवाई अड्डा रखा गया

पंजाब के विमानन मानचित्र में 02 फरवरी 2026 को एक महत्वपूर्ण और प्रतीकात्मक बदलाव देखने…

3 hours ago

केरल के कंथल्लूर में ऑर्किड की नई प्रजाति खोजी गई

भारत की जैव विविधता को एक बार फिर नई पहचान मिली है, जब वैज्ञानिकों ने…

3 hours ago

सर्वेश रंजन बने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के नए चीफ जनरल मैनेजर

यूनियन बैंक ऑफ इंडिया ने नेतृत्व स्तर पर एक महत्वपूर्ण बदलाव की घोषणा की है।…

3 hours ago

नई दिल्ली में फ्यूचर वॉरफेयर कोर्स का तीसरा एडिशन लॉन्च

भारत ने औपचारिक रूप से भविष्य के युद्धों के लिए अपने सैन्य नेतृत्व को तैयार…

3 hours ago