कर्नाटक बैंक के प्रबंध निदेशक, कार्यकारी निदेशक ने इस्तीफा दिया

कर्नाटक बैंक के प्रबंध निदेशक (MD) और मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्रीकृष्णन हरि हर सरमा और कार्यकारी निदेशक शेखर राव ने इस्तीफा दे दिया है। कर्नाटक बैंक ने बयान में कहा, इसके अलावा कार्यकारी निदेशक (ईडी) शेखर राव ने मंगलुरु स्थानांतरित होने में असमर्थता और अन्य व्यक्तिगत कारणों का हवाला देते हुए पद छोड़ दिया है। जुलाई 2025 से प्रभावी ये इस्तीफे बैंक के चल रहे परिवर्तन अभियान के बीच आए हैं। इसके जवाब में, निदेशक मंडल ने उपयुक्त उत्तराधिकारियों की नियुक्ति करने और निर्बाध नेतृत्व निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए एक खोज समिति का गठन किया है।

समाचार में क्यों?

जुलाई 2025 में कर्नाटक बैंक के प्रबंध निदेशक एवं सीईओ श्रीकृष्णन हरि हर शर्मा और कार्यकारी निदेशक शेखर राव ने निजी कारणों का हवाला देते हुए इस्तीफा दे दिया है। इस महत्वपूर्ण घटनाक्रम के बीच बैंक ने नए नेतृत्व की तलाश शुरू कर दी है और संचालन की निरंतरता सुनिश्चित करने के लिए मुख्य परिचालन अधिकारी (COO) की नियुक्ति की घोषणा की है।

मुख्य बिंदु

  • श्रीकृष्णन शर्मा का इस्तीफा 15 जुलाई 2025 से प्रभावी होगा।
    उन्होंने मुंबई में बसने की योजना के चलते पद छोड़ा।

  • शेखर राव का इस्तीफा 31 जुलाई 2025 से प्रभावी होगा।
    उन्होंने मैंगलुरु स्थानांतरण में असमर्थता जताई।

  • COO की नियुक्ति 2 जुलाई से लागू होगी, जब तक स्थायी नियुक्तियाँ नहीं हो जातीं।

  • नियुक्तियों को लेकर RBI की मंज़ूरी लंबित है।

  • बैंक के निदेशक मंडल ने खोज समिति (Search Committee) गठित की है, जो नए MD, CEO और ED की नियुक्ति सुनिश्चित करेगी।

पृष्ठभूमि और संदर्भ

  • श्रीकृष्णन शर्मा को बैंक के डिजिटलीकरण और आधुनिकीकरण की दिशा में नेतृत्व के लिए चुना गया था।

  • उनकी अगुवाई में बैंक ने जोखिम प्रबंधन, डिजिटल बैंकिंग, और परिचालन दक्षता को प्राथमिकता दी।

  • शेखर राव ने बैंक की रणनीतिक पहल और कार्यान्वयन में अहम भूमिका निभाई।

  • इस्तीफे ऐसे समय आए हैं जब बैंक के FY25 वित्तीय विवरणों में ऑडिटर टिप्पणियाँ भी सामने आई हैं।

कर्नाटक बैंक: स्थायी जानकारी

  • स्थापना: 1924

  • मुख्यालय: मैंगलुरु, कर्नाटक

  • विनियामक: भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI)

  • स्थिति: अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक, देशव्यापी उपस्थिति

महत्व और प्रभाव

  • नेतृत्व परिवर्तन से निवेशक विश्वास, कर्मचारियों का मनोबल और परिवर्तन प्रक्रिया की गति प्रभावित हो सकती है।

  • बैंक ने आश्वस्त किया है कि
    वह पूरी तरह से पूंजीकृत (well-capitalized) है,
    और उसका परिवर्तन कार्यक्रम जारी रहेगा।

  • COO की त्वरित नियुक्ति और खोज समिति का गठन बैंक के सुशासन और संक्रमण प्रबंधन की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

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vikash

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