भारतीय सेना की टुकड़ी बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास खान क्वेस्ट के लिए रवाना हुई

भारतीय सेना की टुकड़ी बहुराष्ट्रीय सैन्य अभ्यास खान क्वेस्ट के लिए रवाना हुई। यह अभ्यास 27 जुलाई से 9 अगस्त 2024 तक मंगोलिया के उलानबटार में आयोजित किया जाएगा। यह अभ्यास विश्वभर के सैन्य बलों को सहयोग करने और शांति स्थापना की अपनी क्षमताओं को बढ़ाने के लिए एकजुट करेगा। अभ्यास खान क्वेस्ट का पिछला संस्करण 19 जून से 2 जुलाई 2023 तक मंगोलिया में आयोजित किया गया था।

21वां संस्करण

यह अभ्यास पहली बार वर्ष 2003 में अमेरिका और मंगोलियाई सशस्त्र बलों के बीच एक द्विपक्षीय कार्यक्रम के रूप में शुरू हुआ था। इसके बाद, वर्ष 2006 से यह अभ्यास बहुराष्ट्रीय शांति स्थापना अभ्यास में परिवर्तित हो गया और वर्तमान वर्ष इसका 21वां संस्करण है।

भारतीय सेना के 40 कर्मियों वाले दल में मुख्य रूप से मद्रास रेजिमेंट की एक बटालियन के सैनिक तथा अन्य सेनाओं के कर्मी शामिल हैं। दल में एक महिला अधिकारी तथा दो महिला सैनिक भी शामिल होंगी।

अभ्यास खान क्वेस्ट का लक्ष्य

अभ्यास खान क्वेस्ट का लक्ष्य बहुराष्ट्रीय वातावरण में प्रचालन करते हुए भारतीय सशस्त्र बलों को शांति मिशनों के लिए तैयार करना है, जिससे संयुक्त राष्ट्र चार्टर के चैप्टर VII के तहत शांति समर्थन अभियानों में अंतर-संचालन और सैन्य तत्परता बढ़ेगी। अभ्यास में उच्च स्तर की शारीरिक फिटनेस, संयुक्त योजना निर्माण और संयुक्त सामरिक ड्रिल पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

अभ्यास के दौरान किए जाने वाले सामरिक ड्रिल

अभ्यास के दौरान किए जाने वाले सामरिक ड्रिल में स्टैटिक और मोबाइल चेक प्वाइंटों की स्थापना, घेराबंदी और तलाशी अभियान, गश्त, शत्रु क्षेत्र से नागरिकों को निकालना, काउंटर इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस ड्रिल, युद्ध में प्राथमिक उपचार और हताहतों की निकासी आदि शामिल होंगे।

संयुक्त अभियानों के संचालन

अभ्यास खान क्वेस्ट भाग लेने वाले देशों को संयुक्त अभियानों के संचालन के लिए रणनीति, तकनीक और प्रक्रियाओं में अपनी सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने में सक्षम बनाएगा। यह अभ्यास भाग लेने वाले देशों के सैनिकों के बीच अंतर-संचालन, सौहार्द और भ्रातृत्व विकसित करने में मदद करेगा।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

Bill Gates को पछाड़ कर उनसे आमिर बने बाइनेंस के संस्थापक, कुछ महीने पहले जेल से आए थे बाहर

चीनी क्रिप्टोकरेंसी की दिग्गज कंपनी और बाइनेंस (Binance) के संस्थापक चैंगपेंग ज़ाओ की कुल संपत्ति…

6 mins ago

तेल महंगा, रुपया कमजोर: 93.24 तक लुढ़की भारतीय मुद्रा

भारतीय रुपया 20 मार्च 2026 को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले इतिहास के सबसे निचले स्तर…

38 mins ago

Nuclear Bomb: किसी व्यक्ति को परमाणु बम से बचने के लिए कितना दूर होना चाहिए?

अमेरिका और इजराइल ने ईरान के खिलाफ जंग छेड़ दी है। कई दिन बीतने के…

1 hour ago

हिंदू नववर्ष 2026: इस बार 12 नहीं 13 महीनों का होगा Hindu Nav Varsh!

Hindu Nav Varsh 2026: हिंदू पंचांग के मुताबिक नया साल यानी विक्रम संवत 2083, 19…

4 hours ago

GSI का बड़ा फैसला: कालिंजर किले को मिला भू-धरोहर का दर्जा

भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (Geological Survey of India) द्वारा उत्तर प्रदेश के कालिंजर किला (Kalinjar Fort)…

5 hours ago

अंतरराष्ट्रीय खुशहाली दिवस 2026: 20 मार्च को क्यों मनाया जाता है यह दिन?

अंतरराष्ट्रीय खुशहाली दिवस हर वर्ष 20 मार्च को विश्वभर में मनाया जाता है। यह दिन…

5 hours ago