भारत ने इस वर्ष संयुक्त राष्ट्र शान्तिनिर्माण कोष (United Nations Peacebuilding Fund) की गतिविधियों और कार्यक्रमों में योगदान देने के लिए साल 2021 में 150,000 अमेरिकी डालर देने का वादा किया है। पीसबिल्डिंग फंड ने अपनी पांच साल की रणनीति को आगे बढ़ाया है, जिसके लिए वर्ष 2020-2024 के दौरान शान्तिनिर्माण कोष के लिये डेढ़ अरब (1.5 बिलियन) डॉलर की आवश्यकता होगी। इसकी घोषणा 25 जनवरी, 2021 को संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि टीएस तिरुमूर्ति ने की।
संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने कहा कि वह उन देशों के प्रति आभारी हैं जिन्होंने संयुक्त राष्ट्र के शांति स्थापना कोष के माध्यम से संयुक्त राष्ट्र के शांति और संघर्ष निवारण की दिशा में 439 मिलियन डॉलर से अधिक की सहायता प्रदान की है।
WARRIOR 5.0 Batch for SBI, RRB, RBI and IBPS Exams Banking Awareness Online Coaching | Bilingual
संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना के बारे में:
संयुक्त राष्ट्र शांति स्थापना का लक्ष्य मुख्य रूप से देशों को संघर्ष से शांति के कठिन मार्ग पर लाना है। संयुक्त राष्ट्र के पास शांति व्यवस्था बहाल करने के लिए, दवाब सहन करना और दुनिया भर में सैनिकों और पुलिस को तैनात करने की क्षमता के साथ-साथ संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद और महासभा द्वारा निर्धारित जनादेशों की एक श्रृंखला को संबोधित करने के लिए नागरिक शांति सैनिकों के साथ उन्हें एकीकृत करने की क्षमता है।
संयुक्त राष्ट्र शांति निर्माण कोष का उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख साधन के लिए संघर्ष को रोकने और दुनिया भर में शांति का निर्माण करने के लिए समर्थन जुटाना है, साथ ही संयुक्त राष्ट्र के शांति और सुरक्षा स्तंभों में एक एकीकृत और सुसंगत प्रतिक्रिया को मजबूत बनाना है।
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]भारत ने वैश्विक पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। गंगा…
भारत ने रक्षा आधुनिकीकरण की दिशा में एक और मजबूत कदम उठाया है। जनवरी 2026…
अंतरराष्ट्रीय ज़ेबरा दिवस हर वर्ष 31 जनवरी को मनाया जाता है। इसका उद्देश्य पृथ्वी के…
भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने मासिक धर्म स्वास्थ्य (Menstrual Health) को अनुच्छेद 21 के तहत…
विश्व बैंक समूह (World Bank Group) ने अगले पाँच वर्षों तक हर वर्ष 8–10 अरब…
भारतीय रेलवे ने रेल सुरक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए कवच…