भारत-न्यूजीलैंड ने द्विपक्षीय सीमा शुल्क सहयोग समझौते पर हस्ताक्षर किए

द्विपक्षीय व्यापार को आसान बनाने के लिए, भारत और न्यूजीलैंड ने द्विपक्षीय सीमा शुल्क सहयोग व्यवस्था समझौते पर हस्ताक्षर किए। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की न्यूजीलैंड की दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा के दौरान 8 अगस्त 2024 को वेलिंगटन में समझौते पर हस्ताक्षर किए गए थे।

राष्ट्रपति मुर्मू तीन देशों- फिजी, न्यूजीलैंड और तिमोर लेस्ते की आधिकारिक दौरे पर हैं। अपनी यात्रा के पहले चरण में, उन्होंने फिजी का दौरा किया, और अपने दूसरे चरण में, उन्होंने 8 और 9 अगस्त को न्यूजीलैंड का दौरा किया।

समझौता से संबंधित मुख्य बातें

  • यह समझौता दोनों देशों को बेहतर सूचना साझाकरण के माध्यम से सीमाओं पर आपराधिक गतिविधियों को रोकने और जांच करने में सहायता करेगा।
  • इससे अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध समूहों द्वारा की जा रही अवैध दवाओं और अन्य अवैध वस्तुओं की तस्करी को रोकने में मदद मिलेगी
  • इस समझौते से व्यापार को आसान बनाने तथा प्रवर्तन सहयोग को बढ़ाने के लिए भारत और न्यूजीलैंड के संबंधों को मजबूती मिलेगी

राष्ट्रपति मुर्मू की न्यूजीलैंड यात्रा की मुख्य बातें

  • राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की यात्रा से पहले, राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी न्यूजीलैंड की यात्रा करने वाले अंतिम भारतीय राष्ट्रपति थे। राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने मई 2016 में न्यूजीलैंड का दौरा किया था।
  • न्यूजीलैंड की राजधानी वेलिंग्टन में राष्ट्रपति मुर्मू का पारंपरिक माओरी प्रथा के अनुसार स्वागत किया गया।
  • माओरी न्यूजीलैंड के मूल निवासी हैं, और यूरोपीय निवासियों के आगमन से पहले वे देश की सबसे बड़ी आबादी थे।
  • वेलिंगटन में न्यूजीलैंड की गवर्नर जनरल डेम सिंडी किरो ने उनका औपचारिक रूप से स्वागत किया।
  • न्यूजीलैंड के उप प्रधान मंत्री और विदेश मंत्री विंस्टन पीटर्स ने भी राष्ट्रपति से मुलाकात की।
  • दोनों नेताओं ने आपसी हित के मुद्दों पर चर्चा की और गुजरात के जामनगर में डब्ल्यूएचओ ग्लोबल सेंटर फॉर ट्रेडिशनल मेडिसिन के माध्यम से पारंपरिक चिकित्सा में सर्वोत्तम प्रथाओं का आदान-प्रदान करने पर सहमति व्यक्त की।
  • राष्ट्रपति ने वेलिंगटन में न्यूजीलैंड अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा सम्मेलन को संबोधित किया जिसमे इस वर्ष भारत सम्माननीय अतिथि था।

भारत-न्यूजीलैंड रिश्ते

  • भारत के न्यूजीलैंड के साथ मधुर संबंध हैं। 1950 में, भारत ने न्यूजीलैंड में एक व्यापार मिशन की स्थापना की, जिसे बाद में उच्चायोग में बदल दिया गया।
  • विदेश मंत्रालय के अनुसार, भारत न्यूजीलैंड का 15वां सबसे बड़ा व्यापारिक भागीदार देश है।
  • भारत मुख्य रूप से न्यूजीलैंड से ऊन और खाद्य फल एवं मेवे और वानिकी उत्पादों का आयात करता है।
  • न्यूजीलैंड को भारतीय निर्यात में ज्यादातर कीमती धातुएं और रत्न, कपड़ा और मोटर वाहन, फार्मास्यूटिकल्स और गैर-बुना हुआ परिधान और सहायक उपकरण शामिल हैं।
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

राष्ट्रीय खेल प्रशासन (राष्ट्रीय खेल निकाय) नियम, 2026 की अधिसूचना

भारत ने खेल प्रशासन में सुधार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए राष्ट्रीय…

2 hours ago

भारत करेगा राष्ट्रमंडल के स्पीकर्स और पीठासीन अधिकारियों के 28वें सम्मेलन की मेजबानी

भारत राष्ट्रमंडल देशों में संसदीय लोकतंत्र को सशक्त करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाने जा…

2 hours ago

BRICS प्रेसीडेंसी का लोगो, थीम और वेबसाइट लॉन्च

भारत ने BRICS अध्यक्षता 2026 की औपचारिक तैयारियाँ शुरू कर दी हैं। इसके तहत BRICS…

2 hours ago

Jio लॉन्च करेगा देश का पहला मेड-इन-इंडिया AI प्लेटफॉर्म

रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के चेयरमैन मुकेश अंबानी ने घोषणा की है कि जियो जल्द ही “पीपल-फर्स्ट”…

2 hours ago

नई 2024 आधार श्रृंखला शुरू, भारत की CPI 2012 श्रृंखला समाप्त

भारत की मुद्रास्फीति मापन व्यवस्था एक नए चरण में प्रवेश कर रही है। दिसंबर 2025…

4 hours ago

RBI ने नई विदेशी मुद्रा प्रबंधन (गारंटी) विनियम, 2026 अधिसूचित किए

भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने विदेश में निवास करने वाले व्यक्तियों से जुड़े गारंटी मामलों…

4 hours ago