पेरिस स्थित थिंकटैंक आर्गेनाईजेशन फॉर इकॉनोमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट (OECD) ने विमुद्रीकरण के कारण वित्त वर्ष 2016-2017 के लिए भारत का वृद्धि अनुमान घटाकर 7% कर दिया है जो 2015-2016 के लिए 7.4% था.
लेकिन यह कहा गया है कि अगले वित्त वर्ष 2017-18 में इसे 7.3% तक गति मिलेगी जो वित्त वर्ष 2019 में और ऊँची रहेगी. OECD के अनुसार, भारत पहले से ही कॉर्पोरेट आय कर में क्रमिक रूप से 30% से 25% कमी को लागू करने की प्रक्रिया में है.
स्रोत – इकॉनोमिक टाइम्स



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