स्क्रोमिटिंग सिंड्रोम क्या है? बार-बार कैनाबिस सेवन का छिपा हुआ खतरा

दुनिया भर में कैनाबिस (गांजा) का उपयोग बढ़ता जा रहा है, लेकिन इसके साथ ही एक नई स्वास्थ्य समस्या सामने आ रही है, जिसे स्क्रोमिटिंग कहा जाता है। अस्पतालों में इस स्थिति से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ रही है, खासकर वे लोग जो लंबे समय से नियमित रूप से कैनाबिस का सेवन कर रहे हैं। वैश्विक स्वास्थ्य संस्थाओं ने इसे मान्यता दी है, जिससे इसकी गंभीरता और जागरूकता की आवश्यकता और अधिक बढ़ गई है।

स्क्रोमिटिंग क्या है?

स्क्रोमिटिंग वास्तव में एक गंभीर बीमारी का अनौपचारिक नाम है, जिसे चिकित्सा भाषा में कैनाबिनॉइड हाइपरइमेसिस सिंड्रोम (Cannabinoid Hyperemesis Syndrome – CHS) कहा जाता है।
CHS से पीड़ित लोगों में:

  • तीव्र और अनियंत्रित उल्टी

  • गंभीर पेट दर्द

  • घंटों या कई दिनों तक रहने वाली मतली

जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। ये लक्षण इतने भयावह हो सकते हैं कि मरीजों को कई बार आपातकालीन कक्ष (Emergency Room) का रुख करना पड़ता है।

स्वास्थ्य संस्थाओं द्वारा आधिकारिक मान्यता

CHS को अब विश्व भर की प्रमुख स्वास्थ्य एजेंसियों ने औपचारिक रूप से मान्यता दी है:

  • विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO):

    • ICD-10 में कोड: R11.16

    • ICD-11 में कोड: DD90.4

  • US CDC (रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र):
    अमेरिका भर में CHS मामलों की निगरानी करता है।

यह मान्यता डॉक्टरों को बीमारी की पहचान, निगरानी और इसके प्रसार को समझने में मदद करती है।

लंबे समय तक कैनाबिस सेवन से CHS क्यों होता है?

अनुसंधान के अनुसार, बार-बार और लंबे समय तक कैनाबिस का सेवन CHS का मुख्य कारण है। मुख्य निष्कर्ष:

  • लक्षण चक्रों में आते हैं, जिससे मरीज बार-बार अस्पताल पहुंचते हैं

  • अधिकतर मरीज यह नहीं जानते कि उनकी समस्या का कारण कैनाबिस है

  • कुछ अध्ययनों से पता चला है कि दूषित (contaminated) कैनाबिस, विशेष रूप से Fusarium माइकोटॉक्सिन से संक्रमित, उल्टी को और गंभीर बना सकता है

बढ़ती सार्वजनिक स्वास्थ्य चिंता

स्क्रोमिटिंग तेजी से एक उभरती हुई स्वास्थ्य समस्या बन रहा है:

  • दैनिक उपयोगकर्ता और कम उम्र में कैनाबिस शुरू करने वाले लोग सबसे अधिक जोखिम में हैं

  • कई मामलों में मरीजों को आपातकालीन उपचार और अस्पताल में भर्ती की आवश्यकता पड़ती है

  • डॉक्टर सलाह देते हैं कि उपयोगकर्ताओं को इसके जोखिमों के बारे में शिक्षित किया जाए और उन्हें सेवन कम करने या रोकने में मदद दी जाए

जैसे-जैसे कैनाबिस अधिक शक्तिशाली और आसानी से उपलब्ध हो रहा है, CHS के बारे में सार्वजनिक जागरूकता अत्यंत आवश्यक है।

याद रखने योग्य मुख्य बातें

  • स्क्रोमिटिंग, CHS (Cannabinoid Hyperemesis Syndrome) का दूसरा नाम है

  • CHS को WHO की ICD-10 (R11.16) और ICD-11 (DD90.4) में सूचीबद्ध किया गया है

  • लंबे समय तक या दैनिक कैनाबिस सेवन इसका मुख्य जोखिम कारक है

  • दूषित कैनाबिस (Fusarium माइकोटॉक्सिन) लक्षणों को और गंभीर कर सकता है

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

RBI में बड़ा बदलाव: रोहित जैन बने नए डिप्टी गवर्नर, जानें कौन हैं, करियर और बैकग्राउंड

भारत सरकार ने एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक निर्णय लेते हुए Reserve Bank of India के नए…

1 day ago

भारत में ‘झंडों का शहर’ कौन सा है? 99% लोग नहीं जानते सही जवाब – जानें पूरा सच

क्या आप जानते हैं कि भारत में एक ऐसा शहर भी है, जिसे ‘झंडों का…

1 day ago

भारत में सबसे ज्यादा हाथी कहां हैं? जानें टॉप Elephant Reserves और चौंकाने वाले आंकड़े

भारत में वन्यजीवों की समृद्ध विरासत के बीच एशियाई हाथी एक महत्वपूर्ण प्रजाति है। ऐसे…

1 day ago

CGDA नई नियुक्ति 2026: अनुराग्रह नारायण दास बने रक्षा लेखा महानियंत्रक, जानें पूरा प्रोफाइल

भारत सरकार के रक्षा मंत्रालय के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव किया गया है। अनुग्रह…

1 day ago

IFFI 2026: Goa में होने वाले 57वें इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में आशुतोष गोवारिकर होंगे फेस्टिवल डायरेक्टर

भारतीय सिनेमा और इंटरनेशनल फिल्म इंडस्ट्री के लिए बड़ी खबर सामने आई है। सूचना एवं…

2 days ago

भारतीय वैज्ञानिक परवीन शेख को मिला 2026 Whitley Award, रचा इतिहास

भारत के लिए गर्व की बात है कि भारतीय वैज्ञानिक परवीन शेख को 2026 का…

2 days ago