भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के सितंबर 2025 बुलेटिन में प्रकाशित एक नई अध्ययन रिपोर्ट के अनुसार, तेलंगाना भारत के राज्यों में UPI (Unified Payments Interface) लेनदेन की तीव्रता में सबसे आगे उभरा है। यह अध्ययन PhonePe के लेनदेन आँकड़ों को UPI उपयोग का प्रतिनिधि मानते हुए किया गया, जो दर्शाता है कि भारत विशेष रूप से दक्षिणी और पश्चिमी राज्यों में तेजी से डिजिटल भुगतान अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है।
तेलंगाना के साथ-साथ कर्नाटक, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (दिल्ली) ने भी प्रति व्यक्ति UPI उपयोग में उच्च स्तर दर्ज किया है। अध्ययन में इसके पीछे निम्नलिखित कारण बताए गए हैं —
शहरी केंद्रों और आर्थिक हब की उपस्थिति
रोजगार आधारित प्रवासन
स्मार्टफोन और इंटरनेट का व्यापक प्रसार
इन कारकों ने विशेष रूप से पीयर-टू-मर्चेंट (P2M) यानी दैनिक छोटे लेनदेन वाले भुगतान खंडों में UPI के विस्तार को प्रोत्साहित किया है।
1. नकद की मांग में गिरावट
UPI की लोकप्रियता बढ़ने से GDP के अनुपात में ATM से नकद निकासी में लगातार गिरावट देखी गई है। यह उपभोक्ता भुगतान व्यवहार में संरचनात्मक बदलाव का संकेत देता है।
2. P2M लेनदेन में वृद्धि
पीयर-टू-मर्चेंट भुगतानों का हिस्सा लगातार बढ़ रहा है, और अब अधिकांश UPI लेनदेन ₹500 से कम के दैनिक ख़रीदारी के लिए किए जा रहे हैं।
यह छोटे कारोबारियों और अनौपचारिक विक्रेताओं में UPI की गहरी पहुँच को दर्शाता है।
3. ‘टिकट साइज़’ में कमी
प्रति लेनदेन औसत मूल्य में गिरावट देखी जा रही है, जो बार-बार किए जाने वाले कम-मूल्य वाले भुगतानों की प्रवृत्ति को मजबूत करता है।
World Wetlands Day 2026: विश्व आर्द्रभूमि दिवस या विश्व वेटलैंड्स डे (World Wetlands Day) पूरे…
रूमेटॉइड आर्थराइटिस को अक्सर केवल जोड़ों के दर्द के रूप में समझ लिया जाता है,…
केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने संसद में केंद्रीय बजट 2026–27…
ग्रैमी अवॉर्ड्स 2026 ने एक बार फिर संगीत की उत्कृष्टता, रचनात्मकता और सांस्कृतिक प्रभाव को…
केंद्रीय बजट 2026-27 में भारतीय रेलवे को अब तक का सबसे अधिक वित्तीय समर्थन मिला…
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने 01 फरवरी 2026 को केंद्रीय बजट 2026-27 पेश कर दिया…