2025 की ब्रांड फाइनेंस ग्लोबल 500 रिपोर्ट के अनुसार, टाटा समूह ने $31.6 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ भारत का सबसे मूल्यवान ब्रांड बनने की स्थिति मजबूत कर ली है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 10% अधिक है। यह पहली बार है जब किसी भारतीय ब्रांड ने $30 बिलियन का आंकड़ा पार किया है। वैश्विक स्तर पर, एप्पल $574.5 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ अपनी बढ़त बनाए हुए है।
टाटा समूह की निरंतर वृद्धि
दुनिया के शीर्ष 100 ब्रांड्स में 60वें स्थान पर, टाटा समूह ने अपनी AAA- ब्रांड ताकत रेटिंग को बनाए रखा है। यह प्रदर्शन समूह के विविधीकृत व्यवसाय मॉडल और बदलते बाजार की परिस्थितियों में अनुकूलन क्षमता को दर्शाता है।
वैश्विक मंच पर भारतीय ब्रांड्स की प्रगति
रिपोर्ट में अन्य भारतीय ब्रांड्स की उल्लेखनीय प्रगति को भी रेखांकित किया गया है:
- इंफोसिस: ब्रांड मूल्य में 15% की वृद्धि के साथ $16.3 बिलियन पर पहुंचा, और वैश्विक स्तर पर 132वां स्थान प्राप्त किया। पिछले पांच वर्षों में, IT सेवा ब्रांड्स में इंफोसिस की वार्षिक वृद्धि दर (18%) सबसे तेज़ रही।
- LIC: 36% की वृद्धि के साथ $13.3 बिलियन ब्रांड मूल्य पर पहुंचा, और ब्रांड स्ट्रेंथ इंडेक्स में 88/100 के स्कोर के साथ भारतीय ब्रांड्स में शीर्ष स्थान पर रहा।
- रिलायंस समूह: 17% वृद्धि के साथ $9.8 बिलियन का ब्रांड मूल्य अर्जित किया, जो इसके विभिन्न क्षेत्रों में विस्तार को दर्शाता है।
- लार्सन एंड टुब्रो (L&T): $7.4 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ एक उल्लेखनीय उपस्थिति दर्ज की।
वैश्विक ब्रांड मूल्यांकन
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर, तकनीकी दिग्गजों का दबदबा बना हुआ है:
- एप्पल: $574.5 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ शीर्ष स्थान पर, 11% वृद्धि के साथ।
- माइक्रोसॉफ्ट: $461.1 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ दूसरे स्थान पर, 35% की वृद्धि।
- गूगल: $413 बिलियन के ब्रांड मूल्य के साथ तीसरे स्थान पर, 24% वृद्धि के साथ।
यह मूल्यांकन तकनीकी ब्रांड्स की स्थायी ताकत और वैश्विक प्रभाव को रेखांकित करता है।
भारतीय बैंकिंग क्षेत्र का उदय
रिपोर्ट भारतीय बैंकिंग ब्रांड्स की वैश्विक प्रगति पर भी प्रकाश डालती है:
- HDFC समूह: $14.2 बिलियन ब्रांड मूल्य के साथ वैश्विक रैंकिंग में शामिल।
- SBI समूह: $9.6 बिलियन ब्रांड मूल्य के साथ अपनी स्थिति सुनिश्चित की।
- ICICI समूह: $6.4 बिलियन ब्रांड मूल्य के साथ उपस्थिति दर्ज की।
यह रिपोर्ट भारतीय ब्रांड्स की बढ़ती वैश्विक उपस्थिति और विभिन्न क्षेत्रों में उनके बढ़ते प्रभाव को दर्शाती है।
शीर्ष 10 भारतीय ब्रांड
| Rank | Brand | 2025 Ranking | 2024 Ranking | Brand Value |
|---|---|---|---|---|
| 1 | Tata Group | 60 | 64 | $31.6 billion |
| 2 | Infosys | 132 | 145 | $16.3 billion |
| 3 | HDFC Group | 164 | 228 | $14.2 billion |
| 4 | Reliance Group | 237 | 261 | $9.8 billion |
| 5 | LIC | 117 | 222 | $13.3 billion |
| 6 | L&T Group | 316 | 456 | $7.4 billion |
| 7 | SBI Group | 241 | 330 | $9.6 billion |
| 8 | ICICI Group | – | – | $6.4 billion |
| 9 | Mahindra Group | – | – | – |
| 10 | Bharti Airtel | – | – | – |
ब्रांड फाइनेंस की रिपोर्ट में कहा गया है कि वैश्विक स्तर पर एप्पल 574.5 बिलियन डॉलर के साथ सबसे अधिक मूल्यवान ब्रांड है, जबकि माइक्रोसॉफ्ट 461 बिलियन डॉलर के साथ दूसरे स्थान पर है।








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