इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने मेजर जनरल रोमन गोफमैन को मोसाद का अगला प्रमुख नियुक्त किया है। 13 अप्रैल, 2026 को इस नियुक्ति की पुष्टि ऐसे महत्वपूर्ण समय पर हुई है, जब इज़राइल जटिल क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहा है। वह 2 जुलाई, 2026 को आधिकारिक तौर पर कार्यभार संभालेंगे और डेविड बार्निया का स्थान लेंगे, जिनका कार्यकाल जून में समाप्त हो रहा है।
गोफमैन को नियुक्त करने का फ़ैसला इज़रायल के लिए एक संवेदनशील समय पर आया है। देश को लगातार इन चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है:
मोसाद, जिसे आधिकारिक तौर पर ‘इंस्टीट्यूट फॉर इंटेलिजेंस एंड स्पेशल ऑपरेशंस’ के नाम से जाना जाता है, इज़राइल की प्रमुख खुफिया एजेंसी है।
मोसाद की मुख्य जिम्मेदारियाँ इस प्रकार हैं:
उनके नेतृत्व कौशल की असली परीक्षा 7 अक्टूबर, 2023 को हुई, जब हमास ने इज़राइल पर हमला किया था। उस समय वे त्ज़ेलीम प्रशिक्षण अड्डे की कमान संभाल रहे थे।
रिपोर्टों से पता चलता है कि उन्होंने:
इस अनुभव ने उन्हें एक ऐसे नेता के रूप में पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाई है, जो न केवल ज़मीनी स्तर पर सक्रिय रहता है, बल्कि जिसने युद्ध के मैदान में अपनी काबिलियत भी साबित की है।
इस अपॉइंटमेंट को सरकारी एडवाइजरी कमेटी ने मंज़ूरी दी, जिसे इज़राइल के सुप्रीम कोर्ट के पूर्व प्रेसिडेंट अशर ग्रुनिस लीड कर रहे थे।
इस कदम से यह पक्का होगा कि सीनियर अपॉइंटमेंट कानूनी और एडमिनिस्ट्रेटिव स्टैंडर्ड को पूरा करते हैं।
मंज़ूरी के बाद PM नेतन्याहू ने ऑफिशियली फैसले का ऐलान किया।
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