भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) और राष्ट्रीय वित्तीय शिक्षा केंद्र (NCFE) ने पूरे देश में वित्तीय साक्षरता अभियानों की शुरुआत की है। ये पहल राष्ट्रीय वित्तीय शिक्षा रणनीति (NSFE) के तहत लागू की जा रही हैं, जिनका उद्देश्य विभिन्न वर्गों को आवश्यक वित्तीय ज्ञान और कौशल से सशक्त बनाना है। विशेष रूप से, युवाओं (18 वर्ष से कम) और वरिष्ठ नागरिकों (60 वर्ष से अधिक) को लक्षित कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
| पहल | विवरण |
| क्यों चर्चा में? | RBI और NCFE ने वित्तीय साक्षरता बढ़ाने के लिए देशव्यापी अभियान शुरू किए |
| पहल का नाम | राष्ट्रीय वित्तीय साक्षरता अभियान |
| संबंधित संगठन | भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) और राष्ट्रीय वित्तीय शिक्षा केंद्र (NCFE) |
| उद्देश्य | वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देना और वित्तीय समावेशन को सुदृढ़ करना |
| प्रमुख कार्यक्रम | वित्तीय साक्षरता केंद्र (FLCs), ‘RBI कहता है’ अभियान, वित्तीय जागरूकता संदेश (FAME), जनसंचार अभियान |
| विशेष लक्षित समूह | युवा (18 वर्ष से कम) और वरिष्ठ नागरिक (60 वर्ष से अधिक) |
| पूर्वोत्तर भारत में कार्यक्रम | पिछले तीन वर्षों में 54 वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम आयोजित |
| सर्वेक्षण किया गया | पैन-इंडिया वित्तीय साक्षरता और समावेशन सर्वेक्षण (2017) |
| सर्वेक्षण कवरेज | 29 राज्य और 5 केंद्रशासित प्रदेश (अंडमान और निकोबार द्वीप समूह को छोड़कर) |
| सर्वेक्षण पद्धति | OECD/INFE टूलकिट – वित्तीय ज्ञान, दृष्टिकोण और व्यवहार का मूल्यांकन |
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