ऑर्गनाइजेशन फॉर इकोनॉमिक को-ऑपरेशन एंड डेवलपमेंट (OECD) ने वित्त वर्ष 2020-21 के लिए जारी किए भारत के सकल घरेलू उत्पाद के अपने पूर्वानुमान में मामूली संशोधन कर 9.9% नेगेटिव रहने की संभावना जताई है, जो सितंबर 2020 में (-) 10.2% आँका गया था। हालंकि OECD ने उम्मीद जताई है कि वित्त वर्ष 2021-22 में भारत की जीडीपी उभरकर 8% और 2022-23 में 5% की दर से वृद्धि करेगी।
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वैश्विक अर्थव्यवस्था के संदर्भ में, OECD को उम्मीद है कि 2020 में दुनिया की जीडीपी 4.2% नेगेटिव रहेगी। सितंबर के पूर्वानुमान में यह अनुमान (-) 4.5 प्रतिशत था। इसके अलावा ओईसीडी ने 2021 में विश्व अर्थव्यवस्था के 5 प्रतिशत के पहले के पूर्वानुमान के स्थान पर 4.2 प्रतिशत की दर से बढ़ने का भी अनुमान जताया है। साथ ही 2022 के लिए ग्लोबल जीडीपी 3.7% आंकी गई है।
उपरोक्त समाचारों से आने-वाली परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण तथ्य-
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