सरकार के स्वामित्व वाली खनन की बड़ी कंपनियों एनएलसी इंडिया लिमिटेड (NLC India Ltd) और कोल इंडिया लिमिटेड ने 5,000 मेगावाट की बिजली के लिए सौर और थर्मल पावर परिसंपत्तियों को विकसित करने के लिए एक संयुक्त उद्यम का गठन किया है। दोनों कंपनियां संयुक्त उद्यम कंपनी (joint venture company) में समान 50:50 इक्विटी लगाएंगी।
वर्ष 2025 तक इसका अनुमानित पूंजी व्यय 70:30 के ऋण-इक्विटी अनुपात के साथ 1.28 लाख करोड़ रु. है। कोल इंडिया दुनिया भर में सबसे बड़ा कोयला उत्पादक है और भारत में आठ राज्यों में फैले 83 खनन क्षेत्रों से गुजरता है। इससे सालाना 607 मिलियन टन कोयले का उत्पादन होता है। एनएलसी इंडिया लिमिटेड भारत में जीवाश्म ईंधन खनन क्षेत्र और ताप विद्युत उत्पादन में भारत की कंपनी ‘नवरत्न’ है।
सभी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण टेकअवे:
सिम्बायोसिस स्किल्स एंड प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी ने 'जेंडर इन्क्लूजन और स्किल डेवलपमेंट' पर एशिया की पहली…
फिनटेक कंपनी One MobiKwik Systems को भारतीय रिज़र्व बैंक से नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) लाइसेंस…
विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने नई दिल्ली में संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) की अध्यक्ष एनालेना…
भारत ने एक बड़े आर्थिक बदलाव की तैयारी शुरू कर दी है, क्योंकि NITI Aayog…
दो बार की ओलंपिक पदक विजेता पीवी सिंधू (PV Sindhu) ने विश्व बैडमिंटन महासंघ (BWF)…
लद्दाख में पांच नए जिलों की अधिसूचना जारी हो गई है। इसकी जानकारी खुद एलजी…