साझेदारी का उद्देश्य प्रौद्योगिकी का उपयोग करने से है जिससे किसानों को अंतर्दृष्टि दी जा सके, ताकि इससे किसानों की फसल उत्पादकता, मिट्टी की पैदावार, किसानों की आय में सुधार करने की दिशा में मिलकर काम करना है और इस लक्ष्य के साथ कृषि इनपुट को नियंत्रित करना है. परियोजना का पहला चरण असम, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, राजस्थान और उत्तर प्रदेश के राज्यों में 10 आकांक्षी जिलों के लिए मॉडल विकसित करने पर केंद्रित होगा.
भारत के कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) पारिस्थितिकी तंत्र IndiaAI, इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) और…
भारत और जर्मनी ने अपनी रणनीतिक एवं आर्थिक साझेदारी को और सुदृढ़ करने की दिशा…
इटली ने अपनी सर्वोच्च नागरिक उपाधियों में से एक “कैवेलियरे डेल’ऑर्डिने देला स्तेला द’इटालिया” गोवा…
पूर्वोत्तर भारत की न्यायपालिका के लिए यह एक ऐतिहासिक क्षण है। मेघालय ने अपनी पहली…
एशिया एक विशाल महाद्वीप है, जो अपनी ऊँची पर्वत श्रृंखलाओं, गहरी घाटियों और अद्भुत प्राकृतिक…
भारतीय क्रिकेट स्टार विराट कोहली ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है। न्यूज़ीलैंड के…