बंगाली फिल्म निर्देशक और राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्तकर्ता पिनाकी चौधरी का 82 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उनका लसीका प्रणाली के कैंसर लिम्फोमा के कारण निधन हो गया। उनका जन्म 19 सितंबर 1940 को हुआ था और कला और संगीत में उनकी अलग-अलग रुचि थी। उन्होंने 1983 में फिल्म ‘छेना अचेना’ का निर्देशन करते हुए फिल्मों की दुनिया में कदम रखा। छोटी उम्र में, वह एक तबला वादक थे, जिसे उस्ताद करमतुल्लाह खान ने प्रशिक्षित किया था। कुछ समय बाद उन्होंने तबला बजाना छोड़ दिया और 1977 में फिल्मों का निर्माण शुरू किया।
Bank Maha Pack includes Live Batches, Test Series, Video Lectures & eBooks
पिनाकी चौधरी का फिल्मी करियर 39 साल लंबा रहा। उनकी कला और संगीत में भारी दिलचस्पी थी। उन्होंने 1983 में सिनेमा की दुनिया में कदम रखा। पिनाकी चौधरी ने बांग्ला फिल्म ‘चेना अचेना’ फिल्म का निर्देशन किया, जिसमें सौमित्र चटर्जी, अमोल पालेकर, तनुजा, छाया देवी जैसे कलाकारों ने काम किया था। उन्हें 1996 में फिल्म ‘संघात’ (संघर्ष) और 2007 में ‘बालीगंज कोर्ट’ के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार मिले थे। उनकी उल्लेखनीय फिल्मों में ‘काकाबाबू हेरे गेलेन’, ‘एक टुकड़ो चांद’ और ‘आरोहण’ शामिल हैं।
भारत सरकार ने भारत के मर्चेंडाइज ट्रेड इंडेक्स (Merchandise Trade Indices) का आधार वर्ष 2012-13…
माइक्रोसॉफ्ट ने 2026 में एक बड़े नेतृत्व परिवर्तन के तहत भारतीय मूल की अधिकारी आशा…
हरशरण कौर त्रेहन को पंजाब राज्य विद्युत निगम लिमिटेड (PSPCL) में निदेशक (वाणिज्यिक) नियुक्त किया…
भारतीय रेलवे ने शिकायत निवारण, टिकट कन्फर्मेशन की भविष्यवाणी, हाउसकीपिंग सेवाओं और भीड़ प्रबंधन को…
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने हिमाचल प्रदेश के सेंट्रल रिसर्च इंस्टीट्यूट में देश…
गुजरात सरकार ने India AI Impact Summit 2026 के दौरान Larsen & Toubro की व्योमा…