Pakistan: अगले सुप्रीम कोर्ट चीफ जस्टिस होंगे न्यायमूर्ति याह्या अफरीदी

पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के तीन सबसे वरिष्ठ न्यायाधीशों में से अगले चीफ जस्टिस को नामित करने के लिए मंगलवार को विशेष संसदीय समिति की बैठक हुई। इस दौरान समिति ने अगले चीफ जस्टिस के रूप में न्यायमूर्ति याह्या अफरीदी को चुना। कानून मंत्री आजम नजीर तरार ने कहा कि न्यायमूर्ति अफरीदी का नामांकन दो-तिहाई बहुमत के साथ प्रधानमंत्री के पास भेजा गया है।

न्यायपालिका के संबंध में कई बदलाव

हाल ही में किए गए संविधान के 26वें संशोधन ने न्यायपालिका के संबंध में कई बदलाव लागू किए, जिनमें से एक विशेष संसदीय समिति (एसपीसी) द्वारा तीन शीर्ष न्यायाधीशों में से चीफ जस्टिस की नियुक्ति करना शामिल था, जबकि पिछले नियम के हिसाब से सबसे वरिष्ठ न्यायाधीश को वरिष्ठता सिद्धांत के तहत चीफ जस्टिस नियुक्त किया जाता था।

सुप्रीम कोर्ट के अगले चीफ जस्टिस की नियुक्ति के लिए विशेष संसदीय समिति की दो दौर की बैठक बंद कमरे में हुई। संसदीय पैनल का पहला इन-कैमरा सत्र दिन की शुरुआत में संसद भवन के एक कमरे में आयोजित किया गया था। इस दौरान पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) समर्थित सुन्नी इत्तेहाद काउंसिल (एसआईसी) सदस्य बैठक में शामिल नहीं हुए, जिसके कारण समिति के सदस्यों को रात में फिर बैठक करनी पड़ी।

25 अक्तूबर को सेवानिवृत्त

निवर्तमान चीफ जस्टिस काजी फैज ईसा 25 अक्तूबर को सेवानिवृत्त होने वाले हैं। पुराने नियम के तहत वरिष्ठ उप न्यायाधीश, न्यायमूर्ति मंसूर अली शाह अगले प्रमुख बनते।

अनुच्छेद-175ए के खंड-3 में किए गए संशोधन

हालांकि, अनुच्छेद-175ए के खंड-3 में किए गए संशोधन के बाद राष्ट्रपति ‘शीर्ष अदालत के सबसे वरिष्ठ न्यायाधीश’ को चीफ जस्टिस के रूप में नियुक्त नहीं कर सकेंगे। इसके बजाय, अब विशेष संसदीय समिति की सिफारिश के आधार पर सर्वोच्च न्यायालय के तीन सबसे वरिष्ठ न्यायाधीशों में से किसी एक को चीफ जस्टिस के रूप में नियुक्त किया जाएगा।

न्यायमूर्ति मंसूर अली शाह के अलावा न्यायमूर्ति मुनीब अख्तर और न्यायमूर्ति याह्या अफरीदी पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के तीन वरिष्ठतम न्यायाधीशों में शामिल थे।

अनुच्छेद-175ए के नए खंड 3सी के तहत, संशोधन लागू होने के बाद पहला नामांकन निवर्तमान चीफ जस्टिस की सेवानिवृत्ति से तीन दिन पहले भेजा जाना है। इसके हिसाब से पहले नामांकन की समय सीमा मंगलवार तक निर्धारित थी।

चीफ जस्टिस के रूप में न्यायमूर्ति अफरीदी को चुने जाने के बाद पीटीआई नेता हामिद खान ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने नामांकन की कड़ी निंदा की और एक विरोध आंदोलन शुरू करने की घोषणा की। हालांकि, उन्हें उम्मीद थी कि जस्टिस अफरीदी चीफ जस्टिस के रूप में नामांकन स्वीकार नहीं करेंगे।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

इटली ने गोवा के उद्योगपति श्रीनिवास डेम्पो को प्रतिष्ठित नागरिक पुरस्कार से सम्मानित किया

इटली ने अपनी सर्वोच्च नागरिक उपाधियों में से एक “कैवेलियरे डेल’ऑर्डिने देला स्तेला द’इटालिया” गोवा…

2 hours ago

मेघालय को पहली महिला मुख्य न्यायाधीश मिलीं

पूर्वोत्तर भारत की न्यायपालिका के लिए यह एक ऐतिहासिक क्षण है। मेघालय ने अपनी पहली…

2 hours ago

किस पहाड़ को एशिया की शानदार चोटी के नाम से जाना जाता है?

एशिया एक विशाल महाद्वीप है, जो अपनी ऊँची पर्वत श्रृंखलाओं, गहरी घाटियों और अद्भुत प्राकृतिक…

3 hours ago

विराट कोहली इंटरनेशनल क्रिकेट में दूसरे सबसे ज़्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी बने

भारतीय क्रिकेट स्टार विराट कोहली ने एक बार फिर इतिहास रच दिया है। न्यूज़ीलैंड के…

3 hours ago

APEDA ने छत्तीसगढ़ के कृषि निर्यात को बढ़ावा देने के लिए रायपुर में रीजनल ऑफिस खोला

भारत सरकार ने छत्तीसगढ़ से कृषि निर्यात को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण…

3 hours ago

DRDO ने टॉप-अटैक क्षमता वाली स्वदेशी MPATGM का सफल परीक्षण किया

भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। रक्षा अनुसंधान एवं…

3 hours ago