भारत ने 15 नवंबर, 2021 को अंटार्कटिका के लिए 41वें वैज्ञानिक अभियान (Scientific Expedition to Antarctica) का सफलतापूर्वक शुभारंभ किया। 23 वैज्ञानिकों और सहयोगी कर्मचारियों के दल का पहला जत्था भारतीय अंटार्कटिक स्टेशन मैत्री (Indian Antarctic station Maitri) पहुंच गया है। जनवरी 2022 के मध्य तक चार और बैच अंटार्कटिका में उतरेंगे। भारतीय अंटार्कटिक कार्यक्रम 1981 में शुरू हुआ और इसने 40 वैज्ञानिक अभियान पूरे कर लिए हैं।
41वें अभियान में 48 सदस्यों की टीम का नेतृत्व डॉ शैलेंद्र सैनी, वैज्ञानिक राष्ट्रीय ध्रुवीय और महासागर अनुसंधान केंद्र (वॉयेज लीडर), श्री हुइड्रोम नागेश्वर सिंह, मेट्रोलॉजिस्ट, इंडिया मेट्रोलॉजिकल डिपार्टमेंट (लीडर, मैत्री स्टेशन) और श्री अनूप कालयिल सोमन, वैज्ञानिक भारतीय भू-चुंबकत्व संस्थान (नेता, भारती स्टेशन) कर रहे हैं। वर्तमान में, अंटार्कटिका में तीन स्थायी अनुसंधान बेस स्टेशन हैं, जिनका नाम दक्षिण गंगोत्री (1983), मैत्री (1988) और भारती (2012) है।
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]सुप्रीम कोर्ट ने दत्तक (गोद लेने वाली) माताओं के लिए मातृत्व अवकाश पर लगी उम्र…
भारत ने दुनिया के सबसे बड़े नारियल उत्पादक देश के रूप में अपनी स्थिति और…
भारत का स्टार्टअप इकोसिस्टम तेजी से बढ़ रहा है। सरकार द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के…
भारत अब दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा मेट्रो नेटवर्क बन गया है, जो देश के…
महाराष्ट्र विधानसभा ने ‘धर्म स्वतंत्रता विधेयक 2026’ पारित कर दिया है। इस विधेयक का उद्देश्य…
ट्रांसजेंडर अधिकार संशोधन विधेयक 2026 संसद में पेश किया गया है। यह विधेयक 2019 के…