भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) रोपड़ और ऑस्ट्रेलिया के मोनाश विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने बिना किसी की जानकारी के वर्चुअल कॉन्फ्रेंस में भाग लेने वाले धोखेबाजों की पहचान करने के लिए ‘फेकबस्टर (FakeBuster)’ नाम का एक डिटेक्टर विकसित किया है. यह सोशल मीडिया पर किसी को बदनाम करने या मजाक बनाने के लिए हेरफेर किए गए चेहरों का भी पता लगा सकता है.
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‘फेकबस्टर’ के बारे में:
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