करप्शन इंडेक्स 2025: भ्रष्टाचार के मामले में सुधरी भारत की रैकिंग

ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल द्वारा जारी भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक (Corruption Perceptions Index) 2025 एक चिंताजनक वैश्विक तस्वीर प्रस्तुत करता है। इस वर्ष वैश्विक औसत स्कोर में गिरावट दर्ज की गई है और “अत्यंत स्वच्छ” श्रेणी में आने वाले देशों की संख्या भी कम हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, डेनमार्क एक बार फिर शीर्ष स्थान पर बना हुआ है, जबकि संघर्ष और अस्थिरता से प्रभावित देश सूची के निचले पायदानों पर प्रमुखता से दिखाई देते हैं। यह रुझान दर्शाता है कि विश्व स्तर पर सुशासन और पारदर्शिता को लेकर चुनौतियाँ अभी भी गंभीर बनी हुई हैं।

भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक 2025: वैश्विक रुझान नकारात्मक दिशा में

भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक (CPI) 2025 में 182 देशों का मूल्यांकन सार्वजनिक क्षेत्र में भ्रष्टाचार की धारणा के आधार पर किया गया। इस सूचकांक में देशों को 0 (अत्यधिक भ्रष्ट) से 100 (अत्यंत स्वच्छ) के पैमाने पर अंक दिए जाते हैं। इस वर्ष वैश्विक औसत स्कोर 42 रहा, जो पिछले एक दशक में सबसे कम है। विशेष रूप से 122 देशों का स्कोर 50 से नीचे रहा, जिससे स्पष्ट होता है कि भ्रष्टाचार की समस्या व्यापक रूप से बनी हुई है। ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल ने यह भी पाया कि 80 से अधिक अंक प्राप्त करने वाले देशों की संख्या वर्षों में काफी घट गई है, जो पारंपरिक रूप से मजबूत लोकतंत्रों में भी सुशासन संबंधी चुनौतियों का संकेत देता है।

CPI 2025 में सबसे कम भ्रष्ट देश

CPI 2025 के अनुसार डेनमार्क ने 89 अंकों के साथ लगातार आठवें वर्ष शीर्ष स्थान बनाए रखा। इसके अलावा शीर्ष प्रदर्शन करने वाले देशों में फ़िनलैंड (88), सिंगापुर (84), न्यूज़ीलैंड (81) और नॉर्वे (81) शामिल हैं। इन देशों को मजबूत संस्थानों, पारदर्शिता और सार्वजनिक क्षेत्र में कम भ्रष्टाचार के स्तर के लिए जाना जाता है। हालांकि, रिपोर्ट यह भी स्पष्ट करती है कि उच्च अंक प्राप्त करने वाले देश भी पूरी तरह भ्रष्टाचार-मुक्त नहीं हैं, क्योंकि हाल के वर्षों में कुछ देशों में गिरावट के संकेत देखे गए हैं।

भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक 2025: सबसे ऊपर और सबसे नीचे के देशों की स्थिति

ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल के Corruption Perceptions Index 2025 में सबसे नीचे संघर्ष, अस्थिरता और कमजोर शासन वाले देश प्रमुख हैं। सूचकांक में:

  • दक्षिण सूडान (South Sudan) — 9 अंक (रैंक 181)
  • सोमालिया (Somalia) — 9 अंक (रैंक 181)
  • वेनेज़ुएला (Venezuela) — 10 अंक (रैंक 180)

ये निचले स्कोर अक्सर कमजोर राज्य संस्थाओं, राजनीतिक अस्थिरता और नागरिक स्वतंत्रताओं पर प्रतिबंध को दर्शाते हैं, जहाँ कानून का शासन और जवाबदेही प्रणालियाँ कमजोर होती हैं।

CPI 2025 में भारत की रैंक: भारत कहाँ है?

Corruption Perceptions Index 2025 के अनुसार भारत विश्व स्तर पर 91वें स्थान पर रहा और उसे 39 अंक प्राप्त हुए, जो 0 से 100 के पैमाने पर मापा गया है (जहाँ 0 सबसे भ्रष्ट और 100 सबसे स्वच्छ माना जाता है)। यह पिछले वर्ष की तुलना में एक मामूली सुधार को दर्शाता है। हालांकि भारत का स्कोर वैश्विक औसत 42 से अभी भी थोड़ा कम है, यह सूचक सुधार शासन और पारदर्शिता में प्रगति के संकेत देता है।

दीर्घकालिक सुधार दिखाने वाले देश

ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल के अनुसार वर्ष 2012 से अब तक लगभग 31 देशों ने भ्रष्टाचार के स्तर को कम करने में उल्लेखनीय प्रगति की है। इन देशों ने लगातार नीतिगत सुधार, डिजिटल प्रशासन और संस्थागत मजबूती के माध्यम से पारदर्शिता बढ़ाई है। प्रमुख उदाहरण इस प्रकार हैं—

  • एस्टोनिया – रैंक 12 (स्कोर 76)
  • भूटान – रैंक 18 (स्कोर 71)
  • दक्षिण कोरिया – रैंक 31 (स्कोर 63)

इन देशों में सुधार का श्रेय सशक्त भ्रष्टाचार-रोधी नीतियों, ई-गवर्नेंस के प्रभावी उपयोग, पारदर्शी प्रशासनिक प्रक्रियाओं और मजबूत संस्थागत ढांचे को दिया जाता है, जिससे जवाबदेही बढ़ी और सार्वजनिक क्षेत्र में भ्रष्टाचार कम हुआ।

CPI 2025: सबसे कम भ्रष्टाचार वाले शीर्ष 10 देश

रैंक देश CPI स्कोर 2025
1 डेनमार्क 89
2 फिनलैंड 88
3 सिंगापुर 84
4 न्यूज़ीलैंड 81
5 नॉर्वे 81
6 स्वीडन 80
7 स्विट्ज़रलैंड 80
8 लक्ज़मबर्ग 78
9 नीदरलैंड्स 78
10 जर्मनी / आइसलैंड (संयुक्त) 77

CPI 2025: सबसे अधिक भ्रष्टाचार वाले निचले 10 देश

क्रमांक देश CPI स्कोर 2025
181 दक्षिण सूडान 9
180 सोमालिया 9
179 वेनेज़ुएला 10
178 यमन 13
177 लीबिया 13
176 इरिट्रिया 13
175 सूडान 14
174 निकारागुआ 14
173 सीरिया 15
172 उत्तर कोरिया 15

भ्रष्टाचार धारणा सूचकांक (CPI) के बारे में

  • प्रकाशित करता है: ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल (Transparency International)
  • मापदंड: सार्वजनिक क्षेत्र में भ्रष्टाचार की धारणा (Perceived Public Sector Corruption)
  • डेटा स्रोत: विशेषज्ञ आकलन (Expert Assessments) और व्यवसाय सर्वेक्षण (Business Surveys)
  • स्कोर की व्याख्या: अधिक स्कोर = अधिक स्वच्छ और पारदर्शी शासन व्यवस्था (कम भ्रष्टाचार)
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

दिल्ली सरकार ने शुरू ‘लखपति बिटिया योजना’ की

दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में बालिकाओं के भविष्य को सुरक्षित करने के उद्देश्य से…

52 mins ago

Om Birla के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव: स्पीकर को हटाने की क्या है प्रक्रिया

विपक्ष ने 10 फरवरी 2026 को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश…

1 hour ago

ADB ने ब्रह्मपुत्र के किनारे बाढ़ प्रबंधन बढ़ाने हेतु 182 मिलियन डॉलर के ऋण को मंजूरी दी

एशियाई विकास बैंक (ADB) ने असम में बाढ़ और नदी तट कटाव प्रबंधन को मजबूत…

2 hours ago

उत्तर प्रदेश ने पेश किया 9.13 लाख करोड़ रुपये का गेम-चेंजर बजट 2026-27

उत्तर प्रदेश सरकार ने आगामी वर्ष के लिए एक विशाल वित्तीय रोडमैप प्रस्तुत किया है।…

2 hours ago

भारत-ब्रिटेन के बीच नए समझौते से कामगारों के लिए सामाजिक सुरक्षा का बोझ कैसे कम होगा

भारत और यूनाइटेड किंगडम (यूके) ने अस्थायी रूप से कार्यरत कर्मचारियों को दोहरी सामाजिक सुरक्षा…

6 hours ago

सरकार AI से तैयार कंटेंट पर हुई सख्त, सोशल मीडिया मंचों को 3 घंटे के अंदर हटानी होगी सामग्री

सरकार ने सूचना प्रौद्योगिकी (मध्यस्थ दिशानिर्देश और डिजिटल मीडिया आचार संहिता) नियम, 2021 में संशोधन…

6 hours ago