ई-श्रम पोर्टल पर 30.68 करोड़ से अधिक श्रमिक रजिस्टर्ड

भारत सरकार के श्रम और रोजगार मंत्रालय ने 26 अगस्त 2021 को ई-श्रम पोर्टल लॉन्च किया, जिसका उद्देश्य असंगठित श्रमिकों का राष्ट्रीय डेटाबेस (NDUW) तैयार करना है। यह पोर्टल श्रमिकों को यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN) प्रदान करता है और विभिन्न सामाजिक सुरक्षा और कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ता है। 3 मार्च 2025 तक, 30.68 करोड़ से अधिक श्रमिक इस पोर्टल पर पंजीकृत हो चुके हैं, जिनमें 53.68% महिलाएं शामिल हैं।

सरकार ने इस पोर्टल को अधिक सुलभ और प्रभावी बनाने के लिए बहुभाषी समर्थन, मोबाइल ऐप, और विभिन्न सामाजिक योजनाओं के एकीकरण जैसे महत्वपूर्ण सुधार किए हैं। 21 अक्टूबर 2024 को लॉन्च किया गया ई-श्रम – “वन-स्टॉप-सॉल्यूशन”, श्रमिकों को सभी सरकारी योजनाओं का एक ही मंच पर लाभ उठाने की सुविधा प्रदान करता है।

ई-श्रम पोर्टल की प्रमुख विशेषताएं

  • लॉन्च तिथि: 26 अगस्त 2021
  • विकासकर्ता: श्रम और रोजगार मंत्रालय
  • उद्देश्य: असंगठित श्रमिकों का राष्ट्रीय डेटाबेस तैयार करना और उन्हें आधार से जोड़ना
  • पंजीकरण प्रक्रिया: स्व-घोषणा (Self-Declaration) के आधार पर
  • आवश्यक दस्तावेज: आधार कार्ड
  • प्रदान किया गया यूनिक आईडी: यूनिवर्सल अकाउंट नंबर (UAN)
  • भाषा समर्थन: 22 भारतीय भाषाएं (भाषिणी प्लेटफॉर्म के माध्यम से)
  • मोबाइल ऐप लॉन्च: 24 फरवरी 2025
  • वन-स्टॉप-सॉल्यूशन लॉन्च: 21 अक्टूबर 2024

ई-श्रम पर पंजीकरण आंकड़े (3 मार्च 2025 तक)

  • कुल पंजीकृत श्रमिक: 30.68 करोड़ (30,68,74,094)
  • महिला श्रमिक: 16.47 करोड़ (53.68%)
  • पुरुष श्रमिक: 14.21 करोड़
  • अन्य लिंग: 7,355 श्रमिक

सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के साथ एकीकरण

ई-श्रम पोर्टल को 13 केंद्रीय सरकारी योजनाओं से जोड़ा गया है, जिनमें शामिल हैं:

  • प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (PM-SVANidhi)
  • प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना (PMSBY)
  • प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना (PMJJBY)
  • राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना (NFBS)
  • महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (MGNREGA)
  • प्रधानमंत्री आवास योजना – ग्रामीण (PMAY-G)
  • आयुष्मान भारत – प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (AB-PMJAY)
  • प्रधानमंत्री आवास योजना – शहरी (PMAY-U)
  • प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना (PMMSY)
  • प्रधानमंत्री किसान मानधन योजना (PM-KMY)
  • राष्ट्रीय करियर सेवा (NCS) रोजगार अवसरों के लिए
  • स्किल इंडिया डिजिटल पोर्टल (Skill India) कौशल विकास के लिए
  • प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन (PMSYM) पेंशन योजना

राज्यवार पंजीकरण आँकड़े

शीर्ष 5 राज्य जहां सबसे अधिक पंजीकरण हुए:

रैंक राज्य कुल पंजीकरण
1 उत्तर प्रदेश 8.38 करोड़
2 बिहार 2.97 करोड़
3 पश्चिम बंगाल 2.64 करोड़
4 मध्य प्रदेश 1.86 करोड़
5 ओडिशा 1.35 करोड़

नीचे 5 राज्य/केंद्र शासित प्रदेश जहां सबसे कम पंजीकरण हुए:

रैंक राज्य/केंद्र शासित प्रदेश कुल पंजीकरण
1 लक्षद्वीप 2,818
2 लद्दाख 33,896
3 अंडमान और निकोबार द्वीप समूह 32,984
4 सिक्किम 42,833
5 दादरा और नगर हवेली एवं दमन और दीव 74,771

शीर्ष 5 व्यवसाय क्षेत्र जहां श्रमिक पंजीकृत हुए:

रैंक व्यवसाय क्षेत्र पंजीकृत श्रमिक
1 कृषि 15.99 करोड़
2 निर्माण क्षेत्र 2.77 करोड़
3 घरेलू एवं गृहकार्य श्रमिक 2.89 करोड़
4 परिधान उद्योग 2 करोड़
5 खुदरा क्षेत्र 23.41 लाख

ई-श्रम की जागरूकता और पहुंच बढ़ाने के लिए उठाए गए कदम

  • राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के साथ समय-समय पर समीक्षा बैठकें
  • कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) के माध्यम से पंजीकरण सुविधा
  • एसएमएस और सोशल मीडिया अभियानों के जरिए जागरूकता बढ़ाना
  • राष्ट्रीय करियर सेवा (NCS) से एकीकरण, रोजगार के अवसरों के लिए
  • UMANG ऐप पर ई-श्रम पोर्टल को शामिल करना
  • राज्य सेवा केंद्र (SSK) और CSC में सहायता पंजीकरण सुविधा

ई-श्रम पोर्टल का प्रभाव

  • सामाजिक सुरक्षा में सुधार: श्रमिकों को सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे मिल रहा है।
  • महिला सशक्तिकरण: कुल पंजीकरण में 53.68% महिलाएं, वित्तीय समावेशन को बढ़ावा।
  • वित्तीय सहायता: PM-SVANidhi, PMJJBY, PMSBY जैसी योजनाओं का सीधा लाभ।
  • रोजगार और कौशल विकास: NCS और स्किल इंडिया के माध्यम से नौकरी और प्रशिक्षण के अवसर।
  • सरल और प्रभावी लाभ पहुंच: “वन-स्टॉप-सॉल्यूशन” से सभी सरकारी लाभों को एक ही मंच पर लाना।

ई-श्रम पोर्टल असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को आर्थिक सुरक्षा, रोजगार, और सरकारी योजनाओं के लाभ देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे लाखों श्रमिकों का जीवन बेहतर हो रहा है।

पैरामीटर विवरण
क्यों चर्चा में? असंगठित श्रमिकों के सशक्तिकरण की दिशा में ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकरण 30.68 करोड़ के पार
लॉन्च तिथि 26 अगस्त 2021
विकसित किया गया श्रम एवं रोजगार मंत्रालय द्वारा
कुल पंजीकृत श्रमिक 30.68 करोड़
महिला श्रमिक 16.47 करोड़ (53.68%)
पुरुष श्रमिक 14.21 करोड़
अन्य लिंग 7,355 श्रमिक
समर्थित भाषाएं 22 भारतीय भाषाएं (भाषिणी प्लेटफॉर्म के माध्यम से)
मोबाइल ऐप लॉन्च तिथि 24 फरवरी 2025
वन-स्टॉप-सॉल्यूशन लॉन्च तिथि 21 अक्टूबर 2024
सबसे अधिक पंजीकरण वाला राज्य उत्तर प्रदेश (8.38 करोड़)
सबसे कम पंजीकरण वाला राज्य लक्षद्वीप (2,818 श्रमिक)
शीर्ष व्यवसाय क्षेत्र कृषि (15.99 करोड़ श्रमिक)
एकीकृत सरकारी योजनाएं 13 केंद्रीय योजनाएं
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

G7 Summit 2026: फ्रांस में दुनिया के 7 सबसे ताकतवर देशों की बैठक, जानिए 13 बड़े फैसले और भारत के लिए क्यों है खास

दुनिया की राजनीति, अर्थव्यवस्था और सुरक्षा से जुड़े कई बड़े फैसलों का मंच माने जाने…

1 month ago

दुनिया का सबसे जहरीला बिच्छू कौन सा है?, जानें कहाँ पाए जाते हैं सबसे ज्यादा बिच्छू

धरती पर मौजूद सबसे डरावने जीवों में बिच्छू (Scorpion) का नाम जरूर लिया जाता है।…

2 months ago

भारत में कहाँ है एशियाई शेरों का असली घर? दुनिया की इकलौती जगह जहाँ जंगल में आज़ादी से घूमते हैं Asiatic Lions

शेरों का नाम सुनते ही लोगों के दिमाग में अफ्रीका के विशाल जंगलों की तस्वीर…

2 months ago

भारत का कौन-सा राज्य कहलाता है “Spice Garden of India”? जिसके मसालें दुनिया-भर में है मशहूर

भारत अपने मसालों के लिए सदियों से पूरी दुनिया में प्रसिद्ध रहा है। भारतीय मसालों…

2 months ago

भारत का सबसे अमीर गांव कौन-सा है? यहां हर घर में करोड़ों की संपत्ति, बैंक में जमा हैं हजारों करोड़

भारत गांवों का देश कहा जाता है। यहां लाखों गांव हैं, जिनमें से कई आज…

2 months ago

क्या आप जानते हैं भारत का Tea Capital कौन-सा राज्य है? यहां उगती है सबसे ज्यादा चाय

रेलवे स्टेशन हो, ऑफिस हो या गांव की चौपाल — चाय हर जगह लोगों की…

2 months ago