प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत धोरडो गुजरात का चौथा सौर गांव बना

गुजरात के कच्छ ज़िले में स्थित धोरडो गाँव ने सतत ऊर्जा के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान रच दिया है। यह गाँव अब राज्य का चौथा ऐसा गाँव बन गया है, जो पूरी तरह सौर ऊर्जा (Solar Energy) से संचालित है। धोरडो, जिसे UNWTO (संयुक्त राष्ट्र विश्व पर्यटन संगठन) ने “विश्व का सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गाँव” घोषित किया था, अब नवीकरणीय ऊर्जा अपनाने में भी एक उदाहरण बन गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने इस उपलब्धि को 20 सितंबर 2025 को भावनगर में आयोजित “समुद्र से समृद्धि” कार्यक्रम के दौरान राष्ट्र को समर्पित किया।

धोरडो का सौरकरण

  • पहल (Initiative): पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना

  • कार्यान्वयन: हर आवासीय बिजली कनेक्शन का सौरकरण

  • कवरेज: 81 घरों में सोलर रूफ़टॉप सिस्टम लगाए गए

  • स्थापित क्षमता (Installed Capacity): 177 किलोवाट

  • अपेक्षित उत्पादन (Annual Output): 2.95 लाख यूनिट प्रति वर्ष

इस परियोजना से गाँव वालों के बिजली बिल में भारी बचत होगी और अतिरिक्त ऊर्जा को ग्रिड को बेचकर आमदनी भी होगी।

गाँववासियों को आर्थिक लाभ

  • प्रति घर वार्षिक बचत: लगभग ₹16,064

  • गाँव का कुल वार्षिक लाभ: ₹13 लाख से अधिक (बचत + अतिरिक्त ऊर्जा से आय)

  • समर्थन: सरकारी सब्सिडी और बैंक लोन से सौरकरण किफायती बना।

  • सामुदायिक प्रभाव: सरपंच मियाँ हुसैन ने बताया कि इस पहल से बिजली बिल घटे हैं और आय के नए अवसर खुले हैं।

गुजरात के अन्य सौर गाँव

धोरडो, गुजरात के इन तीन सौर गाँवों के बाद चौथा गाँव बना है:

  1. मोढेरा (मेहसाणा ज़िला): भारत का पहला सौर ऊर्जा संचालित गाँव (अक्टूबर 2022)

  2. सुखी (खेड़ा ज़िला)

  3. मसाली (बनासकांठा ज़िला)

  4. धोरडो (कच्छ ज़िला) – 2025 में शामिल

यह उपलब्धि गुजरात की नवीकरणीय ऊर्जा नेतृत्व को और मजबूत करती है।

वृहद महत्व

  • सतत विकास: भारत के नेट ज़ीरो 2070 लक्ष्य के अनुरूप।

  • ग्रामीण सशक्तिकरण: परिवारों पर बिजली खर्च का बोझ कम और अतिरिक्त आय का साधन।

  • पर्यटन संवर्धन: रण उत्सव और UNWTO मान्यता के साथ धोरडो अब ऊर्जा स्थिरता का वैश्विक मॉडल।

  • ऊर्जा सुरक्षा: विकेन्द्रीकृत सौर ऊर्जा से पारंपरिक बिजली पर निर्भरता घटेगी।

त्वरित तथ्य

  • गाँव: धोरडो, कच्छ ज़िला, गुजरात

  • उपलब्धि: गुजरात का चौथा पूर्ण सौर गाँव

  • पहल: पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना

  • भारत का पहला सौर गाँव: मोढेरा, गुजरात (2022)

  • UNWTO मुख्यालय: मैड्रिड, स्पेन

  • भारत का नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्य: 2030 तक 500 GW, 2070 तक नेट ज़ीरो

  • रण कच्छ: विश्व का सबसे बड़ा लवण मरुस्थल, धोरडो गाँव और रण उत्सव का स्थल

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

जानें कौन हैं एयर मार्शल इंदरपाल सिंह वालिया, जिन्होंने संभाली ईस्टर्न एयर कमांड की कमान

एयर मार्शल इंदरपाल सिंह वालिया ( Air Marshal Inderpal Singh Walia ) को महत्वपूर्ण जिम्मेदारी…

1 hour ago

16वें वित्त आयोग ने 41% हिस्सेदारी का बंटवारा क्यों बनाए रखा?

केंद्र और राज्यों के बीच धन के बंटवारे ने एक नए चरण में प्रवेश कर…

1 hour ago

16.5% हिस्सेदारी के साथ कौन-सा राज्य बना भारत का नवीकरणीय ऊर्जा पावरहाउस?

भारत की नवीकरणीय ऊर्जा यात्रा में गुजरात ने बड़ी बढ़त हासिल की है। 31 दिसंबर…

1 hour ago

विश्व आर्द्रभूमि दिवस 2026: प्रकृति के जीवनदायी पारिस्थितिक तंत्रों के संरक्षण का संकल्प

World Wetlands Day 2026: विश्व आर्द्रभूमि दिवस या विश्व वेटलैंड्स डे (World Wetlands Day) पूरे…

3 hours ago

रूमेटॉइड आर्थराइटिस जागरूकता दिवस 2026: गठिया के प्रति समझ और जागरूकता का संकल्प

रूमेटॉइड आर्थराइटिस को अक्सर केवल जोड़ों के दर्द के रूप में समझ लिया जाता है,…

4 hours ago

केंद्रीय बजट 2026-27 की मुख्य बातें

केंद्रीय वित्त एवं कॉरपोरेट कार्य मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने संसद में केंद्रीय बजट 2026–27…

4 hours ago