आउटलुक में संशोधन मुख्य रूप से इस वित्त वर्ष (2017-18) के लिए सरकार के पीएसबी पुनर्पूंजीकरण कार्यक्रम द्वारा संचालित है. इससे इन बैंकों के वित्तीय जोखिम प्रोफाइल में सुधार होगा और उन्हें बेसल-तृतीय नियामक पूंजी मानदंडों को पूरा करने में मदद मिलेगी. यह गैर निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) के लिए प्रावधानीकरण में अपेक्षित वृद्धि के मुकाबले सहायता भी प्रदान करता है.
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