ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 की शुरुआत: राष्ट्रपति मुर्मू के संबोधन की मुख्य बातें पढ़ें

भुवनेश्वर डिजिटल वित्त और रोजगार पर राष्ट्रीय स्तर की एक महत्वपूर्ण चर्चा का केंद्र बन गया है। ओडिशा की राजधानी में ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 की आधिकारिक शुरुआत हो चुकी है, जिसमें नीति निर्माता, उद्योग जगत के नेता और वैश्विक विशेषज्ञ एक मंच पर एकत्र हुए हैं। यह समिट भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और टिकाऊ रोजगार सृजन पर केंद्रित है। शीर्ष राष्ट्रीय नेतृत्व की मौजूदगी के साथ यह आयोजन भारत की तकनीक-आधारित विकास यात्रा में ओडिशा की बढ़ती भूमिका को रेखांकित करता है।

ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 के बारे में

ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 भुवनेश्वर में 6 फरवरी को उद्घाटन के बाद चर्चा के केंद्र में है। यह दो दिवसीय समिट ओडिशा सरकार और ग्लोबल फाइनेंस एंड टेक्नोलॉजी नेटवर्क द्वारा भारतनेत्र पहल के तहत संयुक्त रूप से आयोजित की गई है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के संबोधन ने इस सम्मेलन को राष्ट्रीय स्तर पर विशेष महत्व दिलाया।

ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 का उद्देश्य

इस समिट का मुख्य उद्देश्य ओडिशा को विनियमित डिजिटल वित्त और टिकाऊ रोजगार सृजन के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करना है। सम्मेलन में फिनटेक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर के माध्यम से समावेशी विकास पर चर्चा की जा रही है। नीति ढाँचों पर जोर है, ताकि नवाचार और नियमन के बीच संतुलन बनाते हुए भरोसा, वित्तीय समावेशन और डिजिटल अर्थव्यवस्था में रोजगार सृजन सुनिश्चित किया जा सके।

राष्ट्रपति का संदेश: तकनीक समाज की सेवा में हो

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा कि तकनीक इतनी तेज़ी से आगे बढ़ रही है कि प्रणालियाँ और कौशल उसके अनुरूप ढल नहीं पा रहे हैं। नवाचार जहां विकास के अवसर लाते हैं, वहीं साइबर अपराध, गलत सूचना, डीपफेक और डिजिटल उपकरणों पर अत्यधिक निर्भरता जैसे जोखिम भी पैदा करते हैं। उन्होंने कहा कि ब्लैक स्वान समिट जैसे मंच तकनीक के जिम्मेदार उपयोग के रास्ते तलाशने में मदद करते हैं—जहां कौशल विकास, रोजगार सृजन और डिजिटल व वित्तीय परिवर्तन को सामाजिक भरोसे के साथ आगे बढ़ाया जा सके।

समावेशन, कौशल विकास और डिजिटल साक्षरता

राष्ट्रपति ने आगाह किया कि फिनटेक अपने आप समावेशन की गारंटी नहीं देता। आदिवासी, ग्रामीण और दूरदराज़ क्षेत्रों में आज भी बड़ी आबादी के पास डिजिटल कौशल की कमी है। उन्होंने व्यापक स्तर पर कौशल विकास और डिजिटल साक्षरता की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि तकनीक रोजगार, उद्यमिता और समावेशन का सशक्त माध्यम बन सके। उन्होंने नवप्रवर्तकों से आग्रह किया कि वे समाधान इस तरह डिजाइन करें जिससे हाशिए पर मौजूद वर्ग भी डिजिटल अर्थव्यवस्था से जुड़ सकें।

समिट में ओडिशा की आर्थिक मजबूती पर प्रकाश

ब्लैक स्वान समिट इंडिया 2026 को संबोधित करते हुए मुख्य सचिव अनु गर्ग ने कहा कि ओडिशा 112 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था के रूप में उभर चुका है और इसकी बुनियाद मजबूत है। राज्य की लगभग 69% आबादी कार्यशील आयु वर्ग में है और पिछले दो दशकों से ओडिशा राजस्व अधिशेष बनाए हुए है, जिससे यह देश के सबसे वित्तीय रूप से स्वस्थ राज्यों में शामिल है। ये ताकतें डिजिटल वित्त और प्रौद्योगिकी निवेश को आकर्षित करने के लिए मजबूत आधार प्रदान करती हैं।

ओडिशा की दीर्घकालिक दृष्टि: रोजगार, विकास और लचीलापन

समिट में ओडिशा के दीर्घकालिक लक्ष्यों को रेखांकित किया गया। राज्य का लक्ष्य 2027 तक 1 करोड़ नौकरियां सृजित करना, 2036 तक 500 अरब डॉलर की अर्थव्यवस्था बनना और 2047 तक 1.5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचना है। आर्थिक विकास के साथ-साथ ओडिशा शहरीकरण, आपदा-रोधी क्षमता, महिलाओं की कार्यबल भागीदारी और स्वास्थ्य व कौशल विकास के वैश्विक केंद्र के रूप में उभरने पर भी ध्यान दे रहा है।

ब्लैक स्वान समिट क्या है

ब्लैक स्वान समिट एक नीति-केंद्रित वैश्विक मंच है, जो उच्च प्रभाव वाले आर्थिक और तकनीकी परिवर्तनों—जिन्हें “ब्लैक स्वान” घटनाएं कहा जाता है—का अध्ययन करता है। यह मंच सरकारों, नियामकों, उद्योग जगत और वैश्विक संस्थानों को एक साथ लाकर उभरती अर्थव्यवस्थाओं के लिए वित्त, रोजगार और डिजिटल विकास के भविष्य-तैयार समाधान तैयार करने पर केंद्रित है।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

दिल्ली पुलिस ने शुरू किया ‘ऑपरेशन शस्त्र’; जानें क्या है?

दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया के बढ़ते दुरुपयोग पर सख्ती करते हुए ‘ऑपरेशन शस्त्र’ नामक…

1 hour ago

झारखंड की महिलाओं ने पैरा थ्रोबॉल नेशनल 2026 में गोल्ड मेडल जीता

झारखंड ने राष्ट्रीय स्तर पर खेल जगत में एक गर्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। पैरा…

2 hours ago

NSO ने नए MCP सर्वर के साथ सरकारी डेटा को AI के लिए तैयार किया

राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) ने एक बड़ी डिजिटल पहल करते हुए eSankhyiki पोर्टल के लिए…

4 hours ago

कोटक महिंद्रा बैंक ने भारत का पहला पूरी तरह से डिजिटल FPI लाइसेंस जारी किया

भारत के वित्तीय बाज़ारों ने डिजिटल दिशा में एक बड़ी छलांग लगाई है। कोटक महिंद्रा…

5 hours ago

अप्रैल 2026 से बैंक जोखिम के आधार पर जमा बीमा प्रीमियम का भुगतान

बैंक अब 01 अप्रैल 2026 से एक समान जमा बीमा प्रीमियम का भुगतान नहीं करेंगे।…

5 hours ago

दक्षिण भारत का यह बंदरगाह भारत की पहली एंटी-ड्रोन प्रणाली के साथ रचा इतिहास

भारत ने बंदरगाह और तटीय सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम…

6 hours ago