बिहार के राज्यपाल, राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने 17 नवंबर को ‘बिहार आरक्षण संशोधन विधेयक’ को मंजूरी दे दी। यह विधायी विकास राज्य सरकार द्वारा मुख्यमंत्री के साथ शीतकालीन सत्र के दौरान सर्वसम्मति से विधेयक पारित करने के बाद आया है। बिहार में 65 प्रतिशत आरक्षण (Reservation in Bihar) का रास्ता साफ हो गया है। SC-ST, OBC-EBC के लिए आरक्षण का दायरा बढ़ा।
इस संदर्भ में बिहार का सामान्य प्रशासन विभाग की ओर से गजट प्रकाशन करेगा। उसके बाद यह लागू हो जाएगा। बिहार विधानमंडल के शीतकालीन सत्र में विधानसभा और विधान परिषद में सर्वसम्मति से बिल पारित हुआ था। आरक्षण का दायरा 50 से 65 प्रतिशत करने का प्रस्ताव था। ईडब्ल्यूएस के 10 फीसद जोड़कर यह 75 प्रतिशत हो जाएगा।
अनुसूचित जाति को 20 प्रतिशत, अनुसूचित जनजाति को 2 प्रतिशत, अति पिछड़ा जाति को 25 प्रतिशत और पिछड़ा वर्ग को 18 प्रतिशत आरक्षण मिल सकेगा। वहीं, आर्थिक रूप से कमजोर सामान्य वर्ग वाले लोगों को पहले की तरह 10 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान लागू रहेगा।
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
एलेना रिबाकिना ने मेलबर्न में खेले गए ऑस्ट्रेलियन ओपन 2026 के महिला एकल फाइनल में…
एक शोध दल ने बताया है कि उन्होंने प्रयोगशाला में चूहों में अग्नाशय कैंसर (Pancreatic…
भारत का कृषि क्षेत्र एक नए दौर में प्रवेश कर रहा है, जहाँ अब केवल…
गुजरात ने ग्रामीण शासन को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की है।…
भारत का बहुप्रतीक्षित मानव अंतरिक्ष उड़ान सपना अब अपने सबसे निर्णायक चरण में प्रवेश कर…
जनवरी 2026 के मध्य में लद्दाख के हानले क्षेत्र के ऊपर रात का आसमान अचानक…