अमित शाह ने शासन में भारतीय भाषाओं को बढ़ावा देने के लिए भारतीय भाषा अनुभाग लॉन्च किया

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 6 जून, 2025 को नई दिल्ली में भारतीय भाषा अनुभाग (बीबीए) का उद्घाटन किया। इस पहल का उद्देश्य भारत के प्रशासनिक कामकाज में विदेशी भाषाओं, खासकर अंग्रेजी के प्रभुत्व को कम करना और निर्णय लेने और आधिकारिक संचार में मातृभाषाओं के उपयोग को बढ़ावा देना है। यह कदम भाषाई समावेशन के दृष्टिकोण के अनुरूप है और भारत की भाषाई विविधता के माध्यम से एकता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

समाचार में क्यों?

6 जून 2025 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भारतीय भाषा अनुभाग (Bharatiya Bhasha Anubhag – BBA) का उद्घाटन नई दिल्ली में किया। इस पहल का उद्देश्य प्रशासनिक कार्यों में अंग्रेज़ी जैसी विदेशी भाषाओं के प्रभुत्व को कम करना और निर्णय-निर्धारण व आधिकारिक संवाद में भारतीय भाषाओं (मातृभाषाओं) को बढ़ावा देना है। यह कदम भारत की भाषाई विविधता के माध्यम से एकता को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

उद्देश्य और लक्ष्य

  • प्रशासन को विदेशी भाषाओं (विशेषकर अंग्रेज़ी) के प्रभाव से मुक्त कराना।

  • सोचने, विश्लेषण करने और निर्णय लेने की प्रक्रिया को भारतीय भाषाओं में लाना।

  • भारतीय भाषाओं और हिंदी के बीच (दोनों दिशाओं में) सार्वभौमिक अनुवाद प्रणाली को सशक्त बनाना।

  • क्षेत्रीय भाषाओं को सशक्त कर समावेशी शासन प्रणाली सुनिश्चित करना।

बजट और वित्तीय सहायता

  • 2024-25 के केंद्रीय बजट में इस पहल के लिए ₹56 करोड़ का प्रावधान किया गया है।

पृष्ठभूमि और महत्व

  • आधिकारिक भाषा नियम, 1976 के अनुसार, क्षेत्र ‘ग’ (Region C) के राज्यों — जैसे तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक — के साथ संवाद मुख्यतः अंग्रेज़ी में होता है।

  • कई दशकों से यह शिकायत रही है कि क्षेत्रीय भाषाओं को राष्ट्रीय स्तर पर उचित स्थान नहीं मिलता

  • BBA अनुभाग इस अंतर को पाटने और केंद्र व राज्य के बीच संवाद को भारतीय भाषाओं में सुनिश्चित करने के लिए शुरू किया गया है।

  • यह पहल राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के उस सिद्धांत से जुड़ी है, जो मातृभाषा आधारित शिक्षा और प्रशासन पर ज़ोर देती है।

कार्यान्वयन में तकनीकी सहयोग

  • सी-डैक (C-DAC) इस प्रणाली को तकनीकी रूप से विकसित करेगा।

  • इसमें सरकारी पत्रों और दस्तावेज़ों का तत्काल, उच्च गुणवत्ता वाला अनुवाद करने की सुविधा होगी ताकि सभी भारतीय भाषाओं में संवाद संभव हो सके।

प्रमुख वक्तव्यों के अंश

  • अमित शाह, केंद्रीय गृह मंत्री: “हमारी सच्ची क्षमता तभी सामने आएगी, जब हमारी सोच और शासन प्रक्रियाएं अपनी भाषाओं में होंगी।”

  • अंशुली आर्या, सचिव, राजभाषा विभाग: “यह अनुभाग सरकारी संवाद में भाषा आधारित असमानता को समाप्त करने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।”

महत्त्वपूर्ण बिंदु एक नजर में

श्रेणी विवरण
लॉन्च तिथि 6 जून 2025
उद्घाटनकर्ता अमित शाह, केंद्रीय गृह मंत्री
उद्देश्य मातृभाषाओं में प्रशासन, अनुवाद सुविधा, भाषाई समावेशन
तकनीकी भागीदार C-DAC
नीति सम्बंध राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020
बजट ₹56 करोड़ (वर्ष 2024–25)
[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

ऑस्कर 2026 नामांकन: सर्वश्रेष्ठ फिल्म, अभिनेता और अभिनेत्री की पूरी सूची जारी

98th Academy Awards के लिए नामांकन की घोषणा कर दी गई है, जिसमें फिल्म निर्माण…

19 hours ago

सूर्या मिधा ने तोड़ा मार्क ज़करबर्ग का रिकॉर्ड, बने सबसे युवा सेल्फ मेड बिलियनेयर

फोर्ब्स की वर्ल्ड्स बिलियनेयर्स लिस्ट में शामिल होने वाले भारतीय मूल के 22वर्षीय सूर्या मिधा…

20 hours ago

चिराग पासवान ने असम में PMFME इनक्यूबेशन सेंटर का शुभारंभ किया

केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान ने 13 मार्च 2026 को सोनितपुर जिले के…

21 hours ago

इसरो की बड़ी सफलता: CE-20 क्रायोजेनिक इंजन का सफल परीक्षण

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने रॉकेट प्रौद्योगिकी में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल करते…

21 hours ago

उत्तर कोरिया के मिसाइल प्रक्षेपण से जापान में अलर्ट, संकट प्रबंधन टीम सक्रिय

उत्तर कोरिया ने 14 मार्च 2026 को पूर्वी सागर की ओर करीब 10 बैलिस्टिक मिसाइलें…

22 hours ago

डिजिटल मैपिंग को बढ़ावा: सुजल गांव आईडी का शुभारंभ

जल शक्ति मंत्रालय ने जल जीवन मिशन (JJM) 2.0 के तहत भारत के हर ग्रामीण…

22 hours ago