भारत में प्रोटीन क्रिस्टैलोग्राफी की नींव रखने वाले प्रमुख संरचनात्मक जीवविज्ञानी एम विजयन का रविवार को निधन हो गया। वह 80 वर्ष के थे। वे भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी (आईएनएसए) के अध्यक्ष रह चुके हैं। विजयन ने भारत में मैक्रोमोलीक्यूलर क्रिस्टलोग्राफी के विकास में सहायक थे।
Buy Prime Test Series for all Banking, SSC, Insurance & other exams
सन् 1941 में त्रिशूर के चेरपू में जन्मे, प्रो. विजयन ने केरल वर्मा कॉलेज से स्नातक की उपाधि प्राप्त की। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अपनी पढ़ाई ज़ारी रखी और इन्होने आईआईएससी, बैंगलोर से एक्स-रे क्रिस्टलोग्राफी में पीएचडी की डिग्री हासिल की। इन्हें पद्म श्री और शांति स्वरूप भटनागर पुरस्कार प्राप्त हुए। प्रो. विजयन सन् 2007 से 2010 तक भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी के अध्यक्ष थे।










G7 Summit 2026: फ्रांस म...
दुनिया का सबसे ...
भारत में कहाँ ह...


