11वां भारत अंतर्राष्ट्रीय विज्ञान महोत्सव चंडीगढ़ में आयोजित किया जाएगा

इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल (IISF) भारत की प्रमुख विज्ञान जन-जागरण पहल है, जो वैज्ञानिकों, विद्यार्थियों, नवोन्मेषकों और आम नागरिकों को एक मंच पर लाती है। इसका 11वाँ संस्करण 6 से 9 दिसंबर 2025 तक चंडीगढ़ में आयोजित किया जाएगा। इस वर्ष का विषय है — “विज्ञान से समृद्धि: आत्मनिर्भर भारत के लिए” (Vigyan se Samruddhi: For Atma Nirbhar Bharat)

यह उत्सव न केवल देशभर में वैज्ञानिक उपलब्धियों का उत्सव मनाता है, बल्कि यह भी रेखांकित करता है कि विज्ञान और प्रौद्योगिकी के माध्यम से भारत आत्मनिर्भरता (Atma Nirbhar Bharat) की दिशा में कैसे अग्रसर है।

पृष्ठभूमि: IISF की यात्रा

  • पहली बार 2015 में आयोजित किया गया था, विज्ञान भारती (VIBHA) और भारत सरकार की विभिन्न एजेंसियों के सहयोग से।

  • तब से यह एक वार्षिक आयोजन बन गया है (महामारी के दौरान ऑनलाइन स्वरूप में हुआ), जिसका उद्देश्य है —

    • वैज्ञानिक दृष्टिकोण को प्रोत्साहित करना,

    • नवाचार को बढ़ावा देना,

    • और विज्ञान को आम नागरिकों के करीब लाना।

  • वर्षों के दौरान IISF का विस्तार हुआ है — इसमें अब विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय, पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय, DBT, CSIR सहित कई संस्थान शामिल हैं।

  • इसका उद्देश्य विज्ञान को केवल विशेषज्ञों की परिधि से बाहर लाकर एक राष्ट्रीय सामूहिक संपदा (Collective National Asset) बनाना है।

IISF-2025: प्रमुख विवरण

  • तिथियाँ: 6 से 9 दिसंबर 2025
  • स्थान: चंडीगढ़
  • विषय: “विज्ञान से समृद्धि: आत्मनिर्भर भारत के लिए” — जो इस विचार का प्रतीक है कि विज्ञान ही समृद्धि और आत्मनिर्भरता का प्रमुख साधन है।

मुख्य फोकस क्षेत्र

पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ. जितेन्द्र सिंह के अनुसार, IISF-2025 का फोकस पाँच मुख्य विषयों पर रहेगा, जिनमें प्रमुख हैं —

  1. उत्तर-पश्चिम भारत और हिमालयी क्षेत्र की विज्ञान, प्रौद्योगिकी और पारिस्थितिकी

  2. समाज और शिक्षा के लिए विज्ञान (Science for Society and Education)

  3. विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के माध्यम से आत्मनिर्भर भारत (Atmanirbhar Bharat through S&T)

  4. पारंपरिक ज्ञान प्रणालियों को आधुनिक विज्ञान के साथ जोड़ने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा, ताकि भारत की संदर्भगत आवश्यकताओं के अनुरूप नवाचार रणनीतियाँ विकसित की जा सकें।

मुख्य बिंदु (Key Takeaways)

घटक विवरण
आयोजन तिथियाँ 6–9 दिसंबर 2025
स्थान चंडीगढ़
मुख्य विषय विज्ञान से समृद्धि: आत्मनिर्भर भारत के लिए
मुख्य व्यक्ति / संस्थाएँ डॉ. जितेन्द्र सिंह, ANRF (Anusandhan National Research Foundation)
मुख्य विचार अनुसंधान वित्तपोषण का लोकतंत्रीकरण (Democratization of Research Funding); पारंपरिक और आधुनिक विज्ञान का एकीकरण

यह उत्सव भारत की वैज्ञानिक क्षमता, नवाचार भावना और आत्मनिर्भरता के प्रति प्रतिबद्धता को एक साथ प्रदर्शित करेगा — जिससे विज्ञान को समाज के हर वर्ग तक पहुँचाया जा सके।

[wp-faq-schema title="FAQs" accordion=1]
vikash

Recent Posts

G7 Summit 2026: फ्रांस में दुनिया के 7 सबसे ताकतवर देशों की बैठक, जानिए 13 बड़े फैसले और भारत के लिए क्यों है खास

दुनिया की राजनीति, अर्थव्यवस्था और सुरक्षा से जुड़े कई बड़े फैसलों का मंच माने जाने…

1 week ago

दुनिया का सबसे जहरीला बिच्छू कौन सा है?, जानें कहाँ पाए जाते हैं सबसे ज्यादा बिच्छू

धरती पर मौजूद सबसे डरावने जीवों में बिच्छू (Scorpion) का नाम जरूर लिया जाता है।…

1 month ago

भारत में कहाँ है एशियाई शेरों का असली घर? दुनिया की इकलौती जगह जहाँ जंगल में आज़ादी से घूमते हैं Asiatic Lions

शेरों का नाम सुनते ही लोगों के दिमाग में अफ्रीका के विशाल जंगलों की तस्वीर…

1 month ago

भारत का कौन-सा राज्य कहलाता है “Spice Garden of India”? जिसके मसालें दुनिया-भर में है मशहूर

भारत अपने मसालों के लिए सदियों से पूरी दुनिया में प्रसिद्ध रहा है। भारतीय मसालों…

2 months ago

भारत का सबसे अमीर गांव कौन-सा है? यहां हर घर में करोड़ों की संपत्ति, बैंक में जमा हैं हजारों करोड़

भारत गांवों का देश कहा जाता है। यहां लाखों गांव हैं, जिनमें से कई आज…

2 months ago

क्या आप जानते हैं भारत का Tea Capital कौन-सा राज्य है? यहां उगती है सबसे ज्यादा चाय

रेलवे स्टेशन हो, ऑफिस हो या गांव की चौपाल — चाय हर जगह लोगों की…

2 months ago