71 वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर, सशस्त्र बलों और अर्धसैनिक बलों के लिए राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद द्वारा 112 बहादुर पुरस्कारों को मंजूरी दी गई है.इसमें पांच कीर्ति चक्र, 17 शौर्य चक्र, 85 सेना पदक (वीरता), तीन नौ सेना पदक (दोपहर) और दो वैयु सेना पदक (वीरता) शामिल हैं.
कश्मीर के नौगाम क्षेत्र में नियंत्रण रेखा पर एक प्रमुख आतंकवाद अभियान के दौरान शहीद हो चुके पहले गोरखा राइफल्स से हवलदार गिरिस्च गुरंग को मरणोपरांत कीर्ति चक्र प्रदान किया गया.
नागालैंड के सोम जिले में आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ के दौरान शहीद मेजर डेविड मैनलुन, सीआरपीएफ के कमांडेंट प्रमोद कुमार, जो श्रीनगर के नोहट्टा में पिछले आजादी के पहले घंटों में आतंकवादी हमले में शहीद हुए थे, को मरणोपरांत कीर्ति चक्र प्रदान किया गया था
सीआरपीएफ के कमांडेंट चेतन कुमार चीता जो जम्मू और कश्मीर में आतंकवादियों के साथ लड़ाई में कम से कम नौ गोलियां खाने के बाद गहरी कोमा में जाने के बाद उस से बाख के बाहर आये हैं, उन्हें किर्ति चक्र, दूसरा सबसे बड़ा शूरवीर पुरस्कार प्रदान किया गया है.
Source- Press Information Bureau (PIB)









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